

केवटी, देशज टाइम्स। आशा और आशा फैसिलिटेटरों का 9 सूत्री मांगों की पूर्ति के लिए 16 वें दिन हड़ताल जारी रहा। इस दौरान आशा व फैसिलिटेटरों ने केवटी-रनवे सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के परिसर में नारे लगाते हुए घूम-घूमकर थाली बजाकर प्रदर्शन किया।
इसका नेतृत्व बिहार राज्य आशा कार्यकर्ता संघ (गोपगुट) के अमिरा देवी, रेणु झा, राधा देवी, और सुनिता देवी ने संयुक्त रूप से किया। इनके समर्थन खेग्रामस के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य देवेंद्र कुमार भी मौजूद थे।
इस दौरान आशा-फैसिलिटेटरों ने महिला सशक्तीकरण धोखा है, आशा वर्कर भूखा है, हड़ताली आशा करे पुकार, खाली थाली भरो सरकार, भूखे पेट काम नहीं करेंगे-मासिक मानदेय लेकर रहेंगे, एक हजार में दम नहीं, 10 हजार से कम नहीं, आदि नारा लगाते हुए थाली पीटकर सरकार के खिलाफ अपना आक्रोश जता रहे थे।
इस अवसर पर आयोजित सभा को सम्बोधित करते हुए खेग्रामस के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य देवेन्द्र कुमार ने कहा कि आशा व आशा फैसिलिटेटर की थाली पीटो आंदोलन से सरकार को सबक लेना चाहिए और सम्मानजनक वार्ता का पहल अविलंब करना चाहिए।
हड़ताल अब समाज का आंदोलन बन गया है, आशा की मांगों पर सरकार का पहल नही हुआ तो समाज के लोकतांत्रिक ताकतों को संगठित कर आंदोलन की धार को मजबूत करेंगे।
सभा को संबोधित करने वालों में सुनैना देवी, अनिता दास, इन्द्रा देवी, लीलावती देवी, किरन कुमारी, ललिता देवी, रेणु चौधरी, रीता झा, पूनम कुमारी, जाहिरा खातुन, शाहिदा खातुन, नीलम देवी, सरिता देवी, पुतुल देवी, रानी देवी, रिचन देवी, साधना देवी, भावना देवी आदि ने संबोधित किया।



