
भागलपुर न्यूज़
भागलपुर की जमीन पर लगने वाली फैक्ट्रियों का सपना अब कितनी दूर है? पटना से आई एक चिट्ठी ने जिले के प्रशासनिक महकमे में हलचल मचा दी है. DM साहब से तत्काल एक रिपोर्ट मांगी गई है, जिसके बाद कॉरिडोर का भविष्य तय होगा.
भागलपुर में प्रस्तावित औद्योगिक कॉरिडोर (Industrial Corridor) के निर्माण की प्रक्रिया अब तेज होती दिख रही है. राज्य सरकार इस महत्वाकांक्षी परियोजना को जल्द से जल्द धरातल पर उतारने के लिए एक्शन मोड में आ गई है. इसी क्रम में उद्योग विभाग, पटना ने भागलपुर के जिलाधिकारी (DM) को पत्र भेजकर भू-अर्जन (Land Acquisition) की अद्यतन स्थिति पर एक विस्तृत रिपोर्ट तलब की है.
माना जा रहा है कि यह रिपोर्ट मिलते ही सरकार परियोजना के अगले चरण पर काम शुरू कर देगी. इस कदम से जिले में औद्योगिक विकास की उम्मीदें एक बार फिर बढ़ गई हैं.
उद्योग विभाग ने तेज की कवायद, DM से मांगी रिपोर्ट
जानकारी के अनुसार, उद्योग विभाग के निदेशक ने भागलपुर के डीएम को एक आधिकारिक पत्र भेजा है. इस पत्र में स्पष्ट रूप से औद्योगिक कॉरिडोर के लिए चिन्हित भूमि के अधिग्रहण की प्रक्रिया की वर्तमान स्थिति का पूरा ब्योरा मांगा गया है. सरकार यह जानना चाहती है कि जमीन अधिग्रहण का काम कहां तक पहुंचा है और इसमें किस तरह की बाधाएं आ रही हैं, ताकि उन्हें जल्द से जल्द दूर किया जा सके.
प्रशासनिक सूत्रों का कहना है कि सरकार की मंशा है कि लोकसभा चुनाव के बाद इस परियोजना पर तेजी से काम शुरू किया जाए. इसके लिए पहले से ही सारी कागजी और जमीनी तैयारियां पूरी कर लेना चाहती है, ताकि निर्माण कार्य शुरू करने में कोई देरी न हो.
रिपोर्ट में इन बिंदुओं पर मांगी गई है जानकारी
उद्योग विभाग ने अपनी रिपोर्ट में कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर जानकारी मांगी है, ताकि परियोजना का एक स्पष्ट खाका तैयार किया जा सके. प्रशासन को भेजी गई चिट्ठी में मुख्य रूप से निम्नलिखित जानकारियां देने को कहा गया है:
- कॉरिडोर के लिए कुल कितनी भूमि का अधिग्रहण किया जाना है?
- अब तक कितनी भूमि का अधिग्रहण सफलतापूर्वक पूरा हो चुका है?
- अधिग्रहित भूमि के मालिकों (किसानों) को मुआवजा भुगतान की स्थिति क्या है?
- क्या भू-अर्जन की प्रक्रिया में किसी तरह की कोई कानूनी या स्थानीय बाधा आ रही है?
- यदि कोई बाधा है, तो उसके समाधान के लिए जिला प्रशासन द्वारा क्या कदम उठाए गए हैं?
- पूरी अधिग्रहण प्रक्रिया को कब तक पूरा कर लिया जाएगा?
क्या है औद्योगिक कॉरिडोर परियोजना और इससे क्या बदलेगा?
भागलपुर में प्रस्तावित यह औद्योगिक कॉरिडोर सरकार की एक बड़ी योजना का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य जिले को एक प्रमुख औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित करना है. इस कॉरिडोर के बनने से यहाँ बड़ी-बड़ी कंपनियों और फैक्ट्रियों की स्थापना का रास्ता साफ हो जाएगा.
विशेषज्ञों का मानना है कि इस परियोजना के साकार होने से भागलपुर और आसपास के इलाकों की पूरी तस्वीर बदल सकती है. इससे न केवल हजारों प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी. कॉरिडोर बनने से लॉजिस्टिक्स, ट्रांसपोर्टेशन और सहायक उद्योगों को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे क्षेत्र का चौतरफा विकास सुनिश्चित होगा.








