

मधुबनी, देशज टाइम्स। समाज में महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा और उनके अधिकारों को लेकर अक्सर चिंताएं व्यक्त की जाती हैं। ऐसे में उन्हें इन महत्वपूर्ण पहलुओं से अवगत कराना कितना जरूरी है, यह बताने की शायद ही आवश्यकता हो। इसी कड़ी में, मधुबनी के पोल स्टार स्कूल में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य सिर्फ जानकारी देना नहीं, बल्कि सशक्तिकरण की नींव रखना था।
बिहार महिला विकास निगम द्वारा चलाए जा रहे विशेष जागरूकता अभियान के तहत यह एकदिवसीय कार्यक्रम 24 नवंबर 2025 को पोल स्टार स्कूल में आयोजित किया गया। इसका प्राथमिक लक्ष्य स्कूल के विद्यार्थियों और शिक्षकों को महिला व बालिकाओं की सुरक्षा, उनके कानूनी अधिकारों और संरक्षण से संबंधित विभिन्न अधिनियमों के साथ-साथ सरकारी कल्याणकारी योजनाओं की व्यापक जानकारी प्रदान करना था।
विशेष अभियान का उद्देश्य
इस अभियान के माध्यम से न केवल जागरूकता फैलाई गई, बल्कि प्रतिभागियों को यह भी बताया गया कि वे कैसे इन अधिकारों का उपयोग कर सकते हैं और संकट की स्थिति में कहां सहायता प्राप्त कर सकते हैं। कार्यक्रम का मुख्य फोकस महिलाओं और बच्चों को सशक्त बनाने और समाज में उनके लिए एक सुरक्षित वातावरण बनाने पर केंद्रित था।
कानून और योजनाओं पर विस्तृत चर्चा
कार्यक्रम के दौरान कई महत्वपूर्ण कानूनों और सरकारी योजनाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला गया। इनमें शामिल थे:
- पॉक्सो एक्ट (बच्चों के लैंगिक अपराधों से संरक्षण अधिनियम): इसके उद्देश्यों, सुरक्षा प्रावधानों, सजा, रिपोर्टिंग प्रक्रिया और बच्चों की सुरक्षा से जुड़े व्यावहारिक उपायों की जानकारी दी गई।
- दहेज प्रतिषेध अधिनियम: इस कानून के तहत दहेज लेने-देने पर दंड प्रावधानों और विवाह में महिलाओं के अधिकारों के बारे में स्पष्ट जानकारी साझा की गई।
- घरेलू हिंसा अधिनियम (DV Act): महिलाओं को घरेलू हिंसा से सुरक्षा प्रदान करने वाले प्रावधानों, उपलब्ध सहायता और शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया की विस्तृत व्याख्या की गई।
- बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना: लड़कियों की शिक्षा, सुरक्षा और समान अवसरों को बढ़ावा देने वाली इस राष्ट्रीय योजना के महत्व और लाभों पर चर्चा की गई।
- महिला हेल्पलाइन 181 एवं चाइल्ड हेल्पलाइन 1098: इन आपातकालीन हेल्पलाइन नंबरों के उपयोग, उनसे मिलने वाली सहायता सेवाओं और संकट की घड़ी में इनकी भूमिका को विशेष रूप से समझाया गया।
इसके अतिरिक्त, बिहार महिला एवं बाल विकास निगम द्वारा संचालित पोषण, शिक्षा, सुरक्षा और सशक्तिकरण से संबंधित अन्य प्रमुख योजनाओं और कार्यक्रमों की भी विस्तृत जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में प्रमुख हस्तियों की उपस्थिति
इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में कई विशिष्ट अधिकारियों और विशेषज्ञों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। इनमें जिला मिशन समन्वयक अंजनी कुमार झा, अधिवक्ता रेणु कुमारी, केस वर्कर वीणा चौधरी, लैंगिक विशेषज्ञ शिवराम मेहरा, डाटा एंट्री ऑपरेटर पारस कुमार और केंद्र प्रशासक शुष्मा कुमारी प्रमुख थे। स्कूल के शिक्षकगण शारदा झा, उमाशंकर कुमार, अंकित कुमार और प्रिंस कुमार ने भी कार्यक्रम के सफल संचालन में सहयोग किया। सभी उपस्थित अतिथियों ने अपने-अपने क्षेत्र के विषयों पर छात्रों के साथ गहन संवाद स्थापित किया और उनकी सभी जिज्ञासाओं का समाधान किया।
छात्रों पर पड़ा गहरा प्रभाव
कार्यक्रम का समापन एक इंटरैक्टिव चर्चा के साथ हुआ, जिसमें छात्रों ने अत्यंत उत्साहपूर्वक प्रश्न पूछे। उन्हें विभिन्न कानूनी सहायता सेवाओं, हेल्पलाइन नंबरों और उपलब्ध सरकारी योजनाओं का सही एवं सुरक्षित उपयोग करने के लिए प्रेरित किया गया। यह जागरूकता कार्यक्रम पोल स्टार स्कूल में महिला एवं बाल सुरक्षा के प्रति संवेदनशीलता और समझ बढ़ाने में अत्यंत सफल सिद्ध हुआ। इसने न केवल छात्रों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया, बल्कि उन्हें एक सुरक्षित भविष्य की दिशा में आवश्यक कदम उठाने के लिए भी प्रेरित किया।


