
भागलपुर न्यूज: देश के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम एक राजनीतिक अखाड़े में तब्दील हो गया। कांग्रेस नेता और पूर्व विधायक अजीत शर्मा ने जहां राजेंद्र बाबू को श्रद्धांजलि दी, वहीं केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा। उनके निशाने पर खास तौर पर उत्तर प्रदेश की तर्ज पर बिहार में गरीबों के आशियानों पर चल रहा ‘बुलडोजर’ था, जिसने सियासी गलियारों में हलचल मचा दी है।
देश के प्रथम राष्ट्रपति को श्रद्धांजलि
भागलपुर स्थित कांग्रेस कैंप कार्यालय में पूर्व विधायक अजीत शर्मा के आवास पर भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद की जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर पूर्व विधायक अजीत शर्मा ने डॉ. राजेंद्र प्रसाद के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावपूर्ण नमन किया। उनके साथ ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी राजेंद्र बाबू के तैलीय चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित किए, और देश के प्रति उनके योगदान को याद किया।
राजेंद्र प्रसाद के आदर्शों का स्मरण
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक अजीत शर्मा ने डॉ. राजेंद्र प्रसाद के जीवन और आदर्शों को अपनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आज के समय में हम सभी को देश के प्रथम राष्ट्रपति के पदचिन्हों पर चलने की प्रेरणा लेनी चाहिए। शर्मा ने इस बात पर बल दिया कि देश तभी प्रगति के पथ पर आगे बढ़ सकेगा, जब हम डॉ. राजेंद्र प्रसाद द्वारा स्थापित उच्च आदर्शों और सिद्धांतों को अपने जीवन में अपनाएंगे। यह राष्ट्र निर्माण के लिए अपरिहार्य है।
केंद्र सरकार पर तीखा हमला
डॉ. राजेंद्र प्रसाद की जयंती के मंच से ही पूर्व विधायक अजीत शर्मा ने केंद्र की एनडीए सरकार पर सीधा और तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार जनता को गुमराह कर रही है और देश को विनाश की ओर धकेलने में लगी हुई है। शर्मा ने केंद्र की नीतियों और कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए, और इसे देश के भविष्य के लिए चिंताजनक बताया।
बुलडोजर नीति और गरीबों का आशियाना
अपने संबोधन के दौरान अजीत शर्मा ने केंद्र सरकार की ‘बुलडोजर’ नीति पर भी कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की तर्ज पर बिहार में भी गरीबों के आशियानों पर बुलडोजर चलाए जा रहे हैं, जिससे हजारों गरीब परिवार बेघर हो रहे हैं। यह कार्रवाई मानवीय अधिकारों का उल्लंघन है और गरीबों के प्रति संवेदनहीनता को दर्शाता है। उन्होंने सरकार से सवाल किया कि आखिर बेघर हुए इन लोगों का क्या होगा?
कार्रवाई से पहले जमीन देने की मांग
पूर्व विधायक शर्मा ने सरकार से तत्काल इस मुद्दे पर कदम उठाने की मांग की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि सरकार कोई कार्रवाई करना चाहती है, तो पहले गरीबों को रहने के लिए उचित जमीन उपलब्ध कराए। इसके बाद ही किसी भी प्रकार की कार्यवाही की जाए। उन्होंने इसे लेकर सरकार से तुरंत हस्तक्षेप करने और गरीबों के हितों की रक्षा सुनिश्चित करने की अपील की।




