
DA Hike: केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है। हाल ही में सोशल मीडिया पर एक संदेश तेजी से वायरल हो रहा था, जिसमें यह दावा किया गया था कि केंद्र सरकार ने सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते (DA) में बढ़ोतरी और भविष्य के वेतन आयोग के लाभों को समाप्त करने का निर्णय लिया है। इस वायरल मैसेज ने लाखों सेवानिवृत्त कर्मचारियों की चिंता बढ़ा दी थी, लेकिन सरकार ने अब इस पर अपनी स्थिति स्पष्ट कर दी है।
सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लिए DA Hike पर बड़ा अपडेट: सरकार ने खारिज किए अफवाहें, जानें पूरी सच्चाई!
DA Hike पर वायरल मैसेज का सच
सोशल मीडिया ऐप WhatsApp पर इन दिनों एक मैसेज आग की तरह फैल रहा था, जिसमें यह दावा किया जा रहा था कि केंद्र सरकार ने फाइनेंस एक्ट 2025 के तहत रिटायर्ड सरकारी कर्मचारियों के लिए रिटायरमेंट के बाद मिलने वाले कुछ खास फायदों को खत्म करने का फैसला किया है। मैसेज में साफ तौर पर कहा गया था कि पेंशनर्स को अब महंगाई भत्ते (DA) में बढ़ोतरी या भविष्य के किसी भी वेतन आयोग (Pay Commission) जैसे लाभ नहीं मिलेंगे, जिसमें आने वाला 8वां वेतन आयोग भी शामिल है। यह खबर सुनकर देश भर के हजारों केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स में बेचैनी फैल गई थी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
PIB फैक्ट चेक ने अपने ऑफिशियल X अकाउंट पर इस वायरल मैसेज को पूरी तरह से फेक बताया है और इसमें किए जा रहे दावों का खंडन किया है। PIB ने X पर स्पष्ट रूप से लिखा, “क्या रिटायर्ड सरकारी कर्मचारियों को फाइनेंस एक्ट 2025 के तहत DA हाइक और Pay Commission के फायदे मिलने बंद हो जाएंगे?” उन्होंने आगे लिखा कि WhatsApp पर सर्कुलेट हो रहे एक मैसेज में दावा किया गया है कि केंद्र सरकार ने फाइनेंस एक्ट 2025 के तहत रिटायर्ड कर्मचारियों के लिए DA बढ़ोतरी और वेतन आयोग (Pay Commission) के रिवीजन जैसे रिटायरमेंट के बाद के लाभ वापस ले लिए हैं।
PIB फैक्ट चेक ने इस दावे को फर्जी करार देते हुए साफ किया है कि सरकार ने रिटायर्ड कर्मचारियों के लिए DA Hike या वेतन आयोग से जुड़े लाभ खत्म नहीं किए हैं। यह जानकारी उन सभी के लिए महत्वपूर्ण है जो इस गलत सूचना के कारण चिंतित थे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
भ्रामक जानकारी से बचें
PIB ने अपनी पोस्ट में यह भी बताया कि CCS (पेंशन) नियम, 2021 के नियम 37 में एक संशोधन किया गया है, जिसमें कहा गया है कि अगर किसी PSU कर्मचारी को गलत व्यवहार के लिए नौकरी से निकाला जाता है, तो उसके रिटायरमेंट बेनिफिट्स जब्त कर लिए जाएंगे। सरकार के इसी वास्तविक फैसले को तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा था, जिससे आम जनता में भ्रम की स्थिति पैदा हो गई थी।
सरकार ने सभी नागरिकों से ऐसे इन्वेस्टमेंट स्कैम और भ्रामक खबरों से सावधान रहने की अपील की है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे ऐसी किसी भी खबर पर विश्वास न करें और उसे आगे शेयर करने से पहले जानकारी को हमेशा वेरिफाई करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें। गलत सूचनाओं के जाल में फंसने से बचने के लिए आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें।






