Patna Land Scam: जब जनता के हक का निवाला सरकारी बाबुओं की तिजोरी का रास्ता देख ले, तब न्याय की तलवार चलना तय है। बिहार की राजधानी पटना में भू-अर्जन से जुड़े एक बड़े मुआवजा घोटाले को लेकर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। जिले में इस मामले में भू-अर्जन अधिकारियों समेत कुल 11 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। यह कार्रवाई उन अनियमितताओं के खिलाफ हुई है, जहां मुआवजे की राशि में बड़ा फर्जीवाड़ा किया गया था।
सूत्रों के अनुसार, इस घोटाले में कई बड़े नामों की संलिप्तता सामने आ सकती है। जिला प्रशासन ने यह सुनिश्चित करने के लिए कमर कस ली है कि ऐसे मामलों में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। इस कदम से भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार की प्रतिबद्धता एक बार फिर उजागर हुई है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
Patna Land Scam: जानें क्या है पूरा मामला
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, यह मामला पटना जिले में भूमि अधिग्रहण से संबंधित है, जहां सरकारी परियोजनाओं के लिए अधिग्रहित की गई भूमि के बदले दिए जाने वाले मुआवजे में बड़ी धांधली हुई है। शुरुआती जांच में पता चला है कि फर्जी कागजात और मिलीभगत से बड़े पैमाने पर सरकारी खजाने को चूना लगाया गया है। इस मामले में कई भू-अर्जन अधिकारियों की भूमिका संदिग्ध पाई गई है, जिनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस ने अपनी जांच तेज कर दी है। संभावना है कि आने वाले दिनों में और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं। यह कार्रवाई उन अधिकारियों के लिए एक बड़ा सबक है जो अपनी शक्तियों का दुरुपयोग कर जनता के पैसों पर डाका डालते हैं।
राजस्व पदाधिकारियों को भी मिला आदेश
इसके अतिरिक्त, एक अन्य महत्वपूर्ण मामले में, राजस्व पदाधिकारियों को भी विशेष आदेश जारी किए गए हैं। इन आदेशों का मुख्य उद्देश्य भूमि संबंधी विवादों और अनियमितताओं को दूर करना है ताकि भविष्य में इस तरह के घोटाले न हों। विभाग ने सभी राजस्व अधिकारियों को अपनी कार्यप्रणाली में पारदर्शिता लाने और नियमों का सख्ती से पालन करने का निर्देश दिया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
इन आदेशों के तहत, सभी राजस्व पदाधिकारियों को भूमि संबंधित रिकॉर्ड्स की गहन जांच करने और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई करने के लिए कहा गया है। यह कदम भूमि विवादों को कम करने और आम लोगों को त्वरित न्याय दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
प्रशासन ने साफ कर दिया है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें सभी संबंधित विभागों को एक साथ मिलकर काम करने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। यह कार्रवाई बिहार में सुशासन स्थापित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।






