

Muzaffarpur News: बिहार में प्रशासनिक फेरबदल का दौर जारी है, और इसी के साथ एक नए अध्याय की शुरुआत हुई है। अब देखना होगा कि खाकी की नई दस्तक जिले की फिजा में क्या बदलाव लाती है।
Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर को मिला नया सिंघम! कांतेश मिश्रा बने SSP, अपराधियों की खैर नहीं
Muzaffarpur News: कांतेश मिश्रा का मुजफ्फरपुर से पुराना नाता
बिहार सरकार ने प्रशासनिक महकमे में बड़े पैमाने पर फेरबदल किया है, जिसके तहत कई वरिष्ठ अधिकारियों का तबादला हुआ। इसी कड़ी में, 2015 बैच के आईपीएस अधिकारी कांतेश कुमार मिश्रा को बड़ी जिम्मेदारी मिली है। उन्हें पुलिस अधीक्षक (ई), अपराध अनुसंधान विभाग (CID), बिहार, पटना से स्थानांतरित कर वरीय पुलिस अधीक्षक, मुजफ्फरपुर के पद पर पदस्थापित किया गया है। कांतेश मिश्रा ने विधिवत रूप से मुजफ्फरपुर एसएसपी का कार्यभार संभाल लिया है। उम्मीद है कि उनके आने से जिले में अपराधों पर लगाम लगेगी, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
नए एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा (IPS, 2015 बैच) के लिए मुजफ्फरपुर कोई नया नाम नहीं है। वे इससे पहले जिले में व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके हैं। पुलिस महकमे में उनकी पहचान एक अनुशासित और फील्ड-ओरिएंटेड अधिकारी के रूप में होती है। ऐसे में उम्मीद की जा रही है कि उनके नेतृत्व में जिले में कानून व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और पुलिस-जन संवाद को एक नई और प्रभावी दिशा मिलेगी।
कार्यभार संभालते ही एसएसपी कांतेश मिश्रा ने अपनी प्राथमिकताएं स्पष्ट कर दी हैं। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि अपराध नियंत्रण उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। इसके साथ ही, उन्होंने जिले की यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने का भी आश्वासन दिया, जिससे आम नागरिकों को राहत मिल सकेगी। महिलाओं के विरुद्ध हो रहे अपराधों पर कड़ी नजर रखी जाएगी, और कमजोर व वंचित वर्गों के खिलाफ होने वाले अपराधों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
एसएसपी ने अपराध नियंत्रण में जन सहयोग को बेहद आवश्यक बताया। उन्होंने आम नागरिकों से पुलिस का सहयोग करने की अपील की है ताकि एक सुरक्षित और शांतिपूर्ण वातावरण बनाया जा सके। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
कांतेश मिश्रा अपने सख्त और निडर फैसलों के लिए जाने जाते हैं। करीब छह साल पहले, जब वे पटना ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक थे, तब वर्ष 2019 में मोकामा के बाहुबली विधायक अनंत सिंह के पैतृक आवास पर उनके नेतृत्व में की गई छापेमारी ने पूरे बिहार में सनसनी मचा दी थी। इस साहसिक कार्रवाई में एक एके-47 राइफल, 26 जिंदा कारतूस और दो हैंड ग्रेनेड बरामद किए गए थे। यह छापेमारी बिहार पुलिस के इतिहास की सबसे चर्चित और सबसे साहसिक कार्रवाइयों में से एक मानी जाती है। ऐसे सख्त फैसलों के लिए ही आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। कांतेश मिश्रा को जाना जाता है।
एसएसपी कांतेश मिश्रा के सामने चुनौतियां और उम्मीदें
मुजफ्फरपुर जैसे बड़े और संवेदनशील जिले में अपराध नियंत्रण और कानून व्यवस्था बनाए रखना एक जटिल चुनौती है। कांतेश मिश्रा के पूर्व अनुभव और उनकी कार्यशैली को देखते हुए, जिलेवासियों और पुलिस महकमे को उनसे काफी उम्मीदें हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि वे किस प्रकार जिले में शांति और सुरक्षा का माहौल स्थापित करते हैं और जनमानस में पुलिस के प्रति विश्वास को मजबूत करते हैं।


