

Ayushman Card: अब इलाज के भारी-भरकम खर्च की चिंता से मिलेगी मुक्ति, मधुबनी में सरकार ने खोल दिया है स्वास्थ्य सुरक्षा का पिटारा। जिले में 31 जनवरी तक चलने वाले विशेष अभियान के तहत पात्र लोगों के कार्ड बनाए जा रहे हैं ताकि कोई भी मुफ्त इलाज से वंचित न रहे।
मधुबनी जिले के नागरिकों को सुलभ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के संकल्प के साथ प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। जिलाधिकारी आनंद शर्मा के निर्देशों पर, 16 जनवरी से 31 जनवरी 2026 तक पूरे जिले में एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान का एकमात्र लक्ष्य प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना एवं मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत सभी पात्र लाभार्थियों का कार्ड बनाना है। प्रशासन की प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि जिले का कोई भी पात्र व्यक्ति मुफ्त इलाज की सुविधा से वंचित न रह जाए। अभियान के शुरुआती चार दिनों, यानी 16 से 19 जनवरी तक, कुल 7500 से अधिक कार्ड बनाए जा चुके हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। वहीं, अकेले 20 जनवरी को लगभग 1500 से ज्यादा लोगों ने अपना पंजीकरण करवाया है।
जिले में क्यों जरूरी है Ayushman Card बनवाने का यह अभियान?
जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने स्वास्थ्य विभाग के साथ हुई एक समीक्षा बैठक में इस अभियान को प्रभावी ढंग से चलाने पर जोर दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिले की सभी पंचायतों में शत-प्रतिशत पात्र लाभार्थियों को कार्ड उपलब्ध कराना प्रशासन का मुख्य उद्देश्य है। इसके लिए पंचायत स्तर पर विशेष शिविर लगाए जा रहे हैं। हर पंचायत और गांव में संचालित वसुधा केंद्रों (CSC) पर ये शिविर आयोजित किए जा रहे हैं, जहां कॉमन सर्विस सेंटर के ऑपरेटर द्वारा नागरिकों का निःशुल्क पंजीकरण किया जा रहा है। इस महत्वपूर्ण जन आरोग्य योजना का लाभ हर व्यक्ति तक पहुंचे, इसके लिए आशा कार्यकर्ताओं को भी अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। वे न केवल बचे हुए लाभार्थियों को शिविर तक लाने में मदद कर रही हैं, बल्कि स्वयं भी अपना कार्ड बनवा रही हैं।
कौन हैं पात्र और क्या लगेंगे दस्तावेज?
इस योजना का लाभ उठाने के लिए पात्रता और आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी होना बेहद जरूरी है। प्रशासन ने इसे बिल्कुल सरल रखा है ताकि किसी को कोई परेशानी न हो।
- पात्रता: राशन कार्ड रखने वाले परिवार के सभी सदस्य इस योजना के पात्र हैं। परिवार के हर सदस्य का अलग-अलग कार्ड बनना अनिवार्य है, क्योंकि एक सदस्य के कार्ड पर दूसरे का इलाज संभव नहीं होगा। इसके अतिरिक्त, 70 वर्ष या उससे अधिक आयु के सभी वरिष्ठ नागरिक ‘आयुष्मान वय वंदन योजना’ के पात्र हैं।
- आवश्यक दस्तावेज: आयुष्मान भारत कार्ड बनवाने के लिए आपको अपना राशन कार्ड और आधार कार्ड साथ लाना होगा। वहीं, 70 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों के लिए आयुष्मान वय वंदन कार्ड केवल आधार कार्ड के आधार पर ही बना दिया जाएगा।
प्रशासन की पैनी नजर, जिम्मेदारी की गई तय
अभियान को सफल बनाने के लिए हर स्तर पर अधिकारियों और कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय की गई है। सीएससी पर शत-प्रतिशत पंजीकरण सुनिश्चित करने का जिम्मा जिला स्तरीय सीएससी प्रबंधक को दिया गया है। पंचायत स्तर पर आशा फैसिलिटेटर और प्रखंड सामुदायिक उत्प्रेरक (BCM) इसकी निगरानी कर रहे हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। प्रखंड स्तर पर प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक (BHM) और प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी पूरी तरह से जिम्मेदार होंगे। जिला स्तर पर पूरी प्रक्रिया का समन्वय जिला कार्यक्रम समन्वयक और जिला सामुदायिक उत्प्रेरक करेंगे, जबकि पूरे अभियान का सम्पूर्ण अनुश्रवण स्वयं सिविल सर्जन द्वारा किया जा रहा है।
मोबाइल ऐप से भी मिलेगी सारी जानकारी
तकनीक के इस युग में सरकार ने नागरिकों की सुविधा के लिए ‘Ayushman App’ भी उपलब्ध कराया है। इस ऐप को डाउनलोड करके आप कई काम घर बैठे कर सकते हैं।
- आप अपनी पात्रता की जांच कर सकते हैं।
- स्वयं और परिवार के अन्य सदस्यों का कार्ड बना सकते हैं।
- बना हुआ कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं।
- कार्ड में उपलब्ध शेष राशि की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
- अब तक हुए इलाज का पूरा विवरण देख सकते हैं।
- देशभर में योजना से जुड़े अस्पतालों की सूची खोज सकते हैं।
देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने जिले के सभी पात्र नागरिकों से पुनः अपील की है कि वे 31 जनवरी 2026 से पहले अपने नजदीकी वसुधा केंद्र पर जाकर निःशुल्क Ayushman Card एवं आयुष्मान वय वंदन कार्ड अवश्य बनवाएं और इस जनकल्याणकारी योजना का पूरा लाभ उठाएं। प्रशासन का संकल्प है – स्वस्थ मधुबनी, सुरक्षित मधुबनी।

