Zomato News: भारत की प्रमुख फूड डिलीवरी कंपनी जोमैटो (Eternal) एक बार फिर सुर्ख़ियों में है। इस बार कंपनी के संस्थापक और सीईओ दीपिंदर गोयल के एक बड़े फैसले ने सबका ध्यान अपनी ओर खींचा है।
दीपिंदर गोयल का बड़ा फैसला: Zomato News में अगले दो साल तक नहीं लेंगे वेतन
Zomato News: दीपिंदर गोयल का वेतन त्याग
भारत की अग्रणी फूड डिलीवरी कंपनी जोमैटो (जिसे अब Eternal के नाम से भी जाना जाता है) के संस्थापक और सीईओ दीपिंदर गोयल ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। उन्होंने अगले दो वित्त वर्ष, यानी मार्च 2026 के अंत तक, कंपनी से कोई तय वेतन (सैलरी) न लेने का फैसला किया है। यह निर्णय ऐसे समय में आया है जब कंपनी के शेयर बाजार में शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं और Eternal अपनी मजबूत स्थिति बनाए हुए है।
कंपनी द्वारा जारी किए गए दस्तावेजों के अनुसार, दीपिंदर गोयल ने 1 अप्रैल 2024 को कंपनी बोर्ड को पत्र लिखकर सूचित किया कि वह वित्त वर्ष 2026 के अंत तक वार्षिक वेतन नहीं लेंगे। इससे पहले भी उन्होंने वित्त वर्ष 2021 से 2024 तक तीन साल तक वेतन नहीं लिया था। अपने इस फैसले को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने मार्च 2026 तक इसे बढ़ा दिया है, और इस दौरान वह बिना किसी तय सैलरी के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ के रूप में अपनी जिम्मेदारियां निभाते रहेंगे।
क्या दीपिंदर गोयल को बिल्कुल नहीं मिलेगी कमाई?
हालांकि दीपिंदर गोयल कोई निश्चित वेतन नहीं लेंगे, लेकिन उन्हें परफॉर्मेंस-आधारित रकम (वेरिएबल पे) प्राप्त करने का अधिकार होगा। इस पर अंतिम फैसला कंपनी का बोर्ड बाद में करेगा। इसका अर्थ है कि कंपनी के अच्छे प्रदर्शन की स्थिति में उन्हें बोनस या अन्य लाभ मिल सकते हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
जोमैटो में गोयल की हिस्सेदारी और कंपनी का प्रदर्शन
दीपिंदर गोयल के पास Eternal (जोमैटो) में 4.18 प्रतिशत की महत्वपूर्ण हिस्सेदारी है। नवंबर 2025 के आंकड़ों के अनुसार, इस हिस्सेदारी का मूल्य 10 हजार करोड़ रुपये से भी अधिक आंका गया है। पिछले एक साल में कंपनी के शेयरों में असाधारण तेजी देखी गई है। जोमैटो का शेयर साल 2025 में 140 प्रतिशत से भी अधिक ऊपर चढ़ा है। नवंबर के अंत तक, शेयर की कीमत लगभग 277 रुपये तक पहुंच गई थी, जिसका सीधा फायदा गोयल की हिस्सेदारी को मिला है।
वर्तमान में, Eternal का कुल बाजार मूल्य लगभग 2.45 लाख करोड़ रुपये है, जो इसके प्रमुख प्रतिद्वंद्वी स्विगी से काफी आगे निकल चुका है। स्विगी ने हाल ही में शेयर बाजार में प्रवेश किया है, लेकिन उसका बाजार मूल्य अभी Eternal से काफी कम है। Eternal अब उन चुनिंदा नई तकनीकी कंपनियों में शामिल हो गई है जिन्हें सेंसेक्स में जगह मिली है, जो अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
QIP से कंपनी को मिली मजबूती
कंपनी को हाल ही में क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (QIP) के माध्यम से 8,500 करोड़ रुपये जुटाने की मंजूरी मिली है। इस खबर के सामने आते ही कंपनी के शेयरों में लगभग 6 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई। कंपनी ने QIP के लिए शेयर का न्यूनतम दाम लगभग 266 रुपये तय किया है, हालांकि आवश्यकता पड़ने पर इसमें थोड़ी छूट भी दी जा सकती है। लेटेस्ट एजुकेशन और जॉब अपडेट्स के लिए यहां क्लिक करें
जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल
Eternal ने स्पष्ट किया है कि QIP से जुटाए गए धन का उपयोग कंपनी के विस्तार और मजबूती के लिए किया जाएगा। इसमें सबसे बड़ा हिस्सा गोदामों और डार्क स्टोर्स को खोलने में लगेगा, जिससे तेज डिलीवरी को और मजबूत किया जा सके।
इसके अतिरिक्त, एक बड़ी राशि विज्ञापन, ब्रांडिंग और मार्केटिंग पर खर्च की जाएगी। कंपनी तकनीक को और बेहतर बनाने पर भी ध्यान केंद्रित करेगी, ताकि ऐप और डिलीवरी सिस्टम पहले से अधिक सुदृढ़ हो सकें। बाकी रकम का उपयोग रोजमर्रा के खर्चों और अन्य व्यावसायिक आवश्यकताओं को पूरा करने में किया जाएगा।
Eternal अपनी क्विक कॉमर्स सेवा ब्लिंकिट पर विशेष ध्यान दे रही है। ब्लिंकिट पहले से ही इस क्षेत्र में एक मजबूत खिलाड़ी है, और कंपनी इसे स्विगी और जेप्टो जैसी कंपनियों से आगे ले जाना चाहती है। QIP के बाद कंपनी के पास लगभग 19 हजार करोड़ रुपये की नकदी होगी, जिससे आने वाले समय में बाजार में प्रतिस्पर्धा और तेज होने की उम्मीद है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
नए CEO अलबिंदर ढींडसा का वेतन
कंपनी ने अभी नए सीईओ अलबिंदर ढींडसा के वेतन पैकेज को लेकर कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी है। हालांकि, बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि नए सीईओ को निश्चित वेतन, बोनस और शेयर ऑप्शन के साथ एक आकर्षक पैकेज मिल सकता है। यह पैकेज कंपनी के प्रदर्शन और उनकी जिम्मेदारी के अनुसार निर्धारित किया जाएगा।







