



Swachh Bharat Mission: जैसे शरीर के लिए स्वच्छता जरूरी है, वैसे ही एक स्वस्थ समाज के लिए गांव और शहर का स्वच्छ होना। इसी कड़ी में बोकारो में एक बड़ी पहल हुई है, जहां स्वच्छता और जल संरक्षण को लेकर अधिकारियों ने कमर कस ली है।शनिवार को बोकारो के चास प्रखंड स्थित हैसाबातू ग्रामीण जलापूर्ति योजना के डब्ल्यूटीपी भवन के सभागार में एक महत्वपूर्ण एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला की अध्यक्षता उप विकास आयुक्त (DDC) शताब्दी मजूमदार ने की। इस दौरान पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, चास के कार्यपालक अभियंता भी मौजूद रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य स्वच्छ भारत मिशन, जल जीवन मिशन और पर्यावरणीय स्थिरता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर मंथन करना था।
Swachh Bharat Mission 2.0 पर हुई विस्तृत चर्चा
कार्यशाला को संबोधित करते हुए डीडीसी शताब्दी मजूमदार ने कहा कि गांवों को पूर्ण रूप से स्वच्छ बनाकर सुजल एवं स्वच्छ गांव के रूप में विकसित करने पर विशेष बल दिया जा रहा है। उन्होंने जल जीवन मिशन के तहत जल संरक्षण और हर घर जल पहुंचाने के लक्ष्य पर जोर दिया। इसके अलावा, 15वें वित्त आयोग के तहत मिलने वाले 60 प्रतिशत टाइड फंड (जल एवं स्वच्छता) के प्रभावी उपयोग पर भी विस्तृत चर्चा की गई। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस मौके पर यूनिसेफ सहयोगी टीम के डिस्ट्रिक्ट लीड घनश्याम साह ने स्वच्छ भारत मिशन फेज-2 के सभी घटकों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने विशेष रूप से तरल एवं ठोस कचरा प्रबंधन, ओडीएफ स्थिति बनाए रखने, और सामुदायिक सोखता की उपयोगिता पर प्रकाश डाला।बैठक में बताया गया कि ठोस कचरा प्रबंधन के लिए पंचायतों को कचरा संग्रहण वैन उपलब्ध कराई गई है। इन वैन के माध्यम से बाजार और घर-घर से कचरा उठाया जाएगा। ग्राम सभा के माध्यम से एक उचित शुल्क निर्धारित कर कचरे का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण सुनिश्चित किया जाएगा। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। कार्यपालक अभियंता रामप्रवेश राम ने जल जीवन मिशन के तहत संचालन एवं रखरखाव की व्यवस्था और बाकी बचे व्यक्तिगत शौचालयों के निर्माण से संबंधित जानकारी भी साझा की।
जलसहियाओं को मिली जल जांच किट
कार्यशाला के दौरान डीडीसी ने सभी जलसहियाओं को जल जांच किट का वितरण किया। इस किट की मदद से पंचायत स्तर पर हर घर के पानी की गुणवत्ता की जांच सुनिश्चित की जा सकेगी, ताकि लोगों को स्वच्छ पेयजल मिल सके। इसके बाद डब्ल्यूटीपी परिसर में पौधारोपण भी किया गया और अधिकारियों ने डब्ल्यूटीपी का निरीक्षण भी किया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।इस महत्वपूर्ण कार्यशाला में कनिष्ठ अभियंता, प्रखंड वॉश कोऑर्डिनेटर, जेएसएलपीएस बीपीओ, जिला जल जांच प्रयोगशाला के लैब केमिस्ट, चयनित मुखिया, सभी चयनित जलसहिया, समाजसेवी तथा ग्रामीण जलापूर्ति योजना के पंप ऑपरेटर सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।



