

आवेश आलम अररिया। Araria crime: अररिया की सरहदों पर जब अंधेरे ने दस्तक दी, और सूने घरों की दीवारों ने चुप्पी साध ली, तब पुलिस की मुस्तैदी ने इस चुप्पी को तोड़ा है। फॉरबिसगंज अनुमंडल के बंद घरों में लगातार हो रही चोरी की वारदातों ने पुलिस की नींद हराम कर दी थी, लेकिन अब इन वारदातों के पीछे के चेहरों से पर्दा उठ गया है।
Araria crime: फॉरबिसगंज में सेंधमारी गैंग का भंडाफोड़, पांच शातिर गिरफ्तार
Araria crime: विशेष टीम की पड़ताल और अपराधियों का खुलासा
अररिया जिले के फॉरबिसगंज अनुमंडल के विभिन्न थाना क्षेत्रों में पिछले कुछ समय से बंद पड़े घरों को निशाना बनाकर लगातार चोरी की शिकायतें मिल रही थीं। इन शिकायतों की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष छापामारी दल का गठन किया गया। इस दल को इन आपराधिक वारदातों की गुत्थी सुलझाने का जिम्मा सौंपा गया था। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
दल ने आधुनिक तकनीक और पारंपरिक पुलिसिंग का समन्वय करते हुए जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए, तकनीकी अनुसंधान का सहारा लिया गया और आसूचना संकलन के माध्यम से महत्वपूर्ण सुराग जुटाए गए। इन सभी प्रयासों के फलस्वरूप, पुलिस ने इस संगठित चोरी गिरोह में संलिप्त व्यक्तियों की पहचान कर ली। यह पुलिसिया कार्रवाई साबित करती है कि अपराधियों की हर हरकत पर पुलिस की पैनी नजर है।
गहन पड़ताल के बाद, पुलिस ने पांच अभियुक्तों को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है। इनमें मुजफ्फरपुर के मीनापुर तुर्की थाना क्षेत्र का राजा चौधरी, सहरसा थाना क्षेत्र का मो. बुचो और मकिना खातून उर्फ माको, झारखंड के गोड्डा जिले के मेहरबान थाना क्षेत्र का शशि पासवान और फॉरबिसगंज थाना क्षेत्र की बसंती देवी शामिल हैं। इन गिरफ्तारियों से पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है।
पूछताछ के दौरान, गिरफ्तार अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि वे सभी बंद घरों में चोरी करने वाले एक संगठित चोरी गिरोह के सदस्य हैं। उनका तरीका यह था कि वे पहले बंद घरों की रेकी करते थे और फिर योजनाबद्ध तरीके से चोरी की घटनाओं को अंजाम देते थे। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि इन गिरफ्तार अभियुक्तों का पहले से भी आपराधिक इतिहास रहा है, जो इनकी पेशेवर अपराधी प्रवृत्ति को दर्शाता है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
सीसीटीवी फुटेज, वैज्ञानिक विश्लेषण और आसूचना संकलन के आधार पर अररिया जिले के विभिन्न थानों में दर्ज बंद घरों में चोरी के कई मामलों में इनकी संलिप्तता उजागर हुई है। पुलिस ने गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से विभिन्न स्थानों से चोरी किए गए सामानों को भी बरामद किया है, जिसमें नकदी, जेवरात और अन्य कीमती सामान शामिल हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
संगठित अपराध पर पुलिस का शिकंजा
यह कार्रवाई स्थानीय पुलिस की अपराधियों के खिलाफ निरंतर अभियान का हिस्सा है। पुलिस प्रशासन ने जनता को आश्वस्त किया है कि जिले में अमन-चैन बनाए रखने और अपराध पर लगाम कसने के लिए वे पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने और अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाने के लिए पुलिस लगातार सक्रिय है। पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें ताकि समय रहते आपराधिक मंसूबों को नाकाम किया जा सके। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह पुलिस की कार्यशैली को दर्शाता है।


