



Benipur road accident: नियति का खेल भी बड़ा अजीब होता है, पल भर में खुशियों को मातम में बदल देता है। अलीनगर प्रखंड के अंटौर गांव में भी कुछ ऐसा ही हुआ, जहां एक झटके में 6 बच्चों के सिर से पिता का साया छिन गया और पत्नी की दुनिया उजड़ गई।
Benipur Road Accident: ससुर के श्राद्ध का सामान लेकर जा रहे दामाद को ट्रक ने रौंदा, 6 मासूमों के सिर से उठा पिता का साया
मंगलवार का दिन पासवान परिवार के लिए अमंगल साबित हुआ। अलीनगर प्रखंड के मोतीपुर पंचायत अंतर्गत अंटौर गांव निवासी 30 वर्षीय सुजीत कुमार पासवान की बेनीपुर में एक भीषण सड़क दुर्घटना में दर्दनाक मौत हो गई। सुजीत अपने ससुर के श्राद्ध कर्म के पहले दिन के भोज के लिए सब्जी खरीदने बेनीपुर गए थे। इस घटना के बाद से मृतक के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है और पूरे गांव में शोक की लहर है।
Benipur Road Accident: कैसे हुआ यह दर्दनाक हादसा?
जानकारी के अनुसार, सुजीत अपने बहेरी प्रखंड स्थित बघौनी गांव ससुराल जा रहे थे, जहां उनके ससुर का पहले दिन का श्राद्ध कर्म था। सामाजिक परंपरा के अनुसार पहले दिन के भोज की जिम्मेदारी बेटी-दामाद की होती है, इसी का निर्वहन करने के लिए वे बेनीपुर सब्जी मंडी से सामान लेकर अपनी मोटरसाइकिल से लौट रहे थे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। तभी बेनीपुर से सटे पौड़ी गांव के पास एसएच-88 पर सामने से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने संतुलन खो दिया और उनकी बाइक को सीधी टक्कर मार दी। यह भीषण ट्रक हादसा इतना अचानक हुआ कि किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि टक्कर इतनी जोरदार थी कि सुजीत ट्रक के नीचे आ गए और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। मोटरसाइकिल पर सवार दूसरा व्यक्ति छिटककर दूर जा गिरा, जिससे उसे चोटें तो आईं लेकिन उसकी जान बच गई। जब तक स्थानीय लोग कुछ समझ पाते, आरोपी ट्रक चालक मौके से फरार हो चुका था।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
स्थानीय लोगों की मदद से सुजीत को अनुमंडलीय अस्पताल, बेनीपुर ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की खबर सुनते ही परिवार में कोहराम मच गया। पति की मृत्यु की खबर सुनकर पत्नी विभा देवी बदहवास हालत में मायके से ससुराल अंटौर पहुंचीं, लेकिन इस वज्रपात से वह बुरी तरह टूट चुकी हैं।
मृतक सुजीत अपने पीछे पिता सीताराम पासवान, पत्नी विभा देवी और छह छोटे-छोटे बच्चे छोड़ गए हैं। उनकी पांच बेटियां- सुधा (10), सुनैना (8), ज्योति (6), काव्या (4) और सबसे छोटी महज 5 महीने की है, जबकि एक बेटा शुभंकर कुमार (2) वर्ष का है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। वह एक ही रट लगाए हुए है, “हे भगवान! अब हम इन दूधमुंहे बच्चों का पेट किसके सहारे पालेंगे।” उनके क्रंदन से वहां मौजूद हर किसी की आंखें नम थीं।
घटना की सूचना मिलते ही बहेड़ा थाना की पुलिस, अलीनगर के बीडीओ ललित कुमार मिश्रा, कृषि पदाधिकारी रामकुमार मंडल, सरपंच रामनाथ सहनी और भाजपा मंडल अध्यक्ष लाल मुखिया समेत कई जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार को सांत्वना दी और हरसंभव सरकारी सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेज दिया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।


