



Janki Jayanti 2026: हिन्दू धर्म के पवित्र पर्वों में से एक जानकी जयंती, जो माता सीता के प्राकट्य दिवस के रूप में मनाई जाती है, अब कुछ ही दिनों में आने वाली है। यह दिन भगवान श्री राम की प्राणप्रिया और मर्यादा पुरुषोत्तम की अर्धांगिनी माता सीता को समर्पित है। इस विशेष अवसर पर उनकी विधि-विधान से पूजा-अर्चना करने और उनके दिव्य मंत्रों का जाप करने से जीवन में सुख, समृद्धि और शांति का आगमन होता है। यदि आप माता जानकी की असीम कृपा प्राप्त करना चाहते हैं, तो इस पावन अवसर पर उनके इन विशेष मंत्रों का अवश्य जाप करें।
Janki Jayanti 2026: जानकी जयंती पर करें इन मंत्रों का जाप, मिलेगी असीम कृपा
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को माता सीता पृथ्वी पर प्रकट हुई थीं। इसी कारण इस तिथि को जानकी जयंती के रूप में मनाया जाता है। माता सीता को शक्ति, त्याग और पवित्रता का प्रतीक माना जाता है। इस दिन उनकी पूजा-अर्चना करने से दांपत्य जीवन में मधुरता आती है, सुख-समृद्धि बनी रहती है और सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस दिन माता सीता के दिव्य मंत्रों का जाप करने का विशेष महत्व है, जो भक्तों को अनेक प्रकार के शुभ फल प्रदान करता है।
Janki Jayanti 2026: महत्व और विशेष मंत्र जाप विधि
जानकी जयंती के पावन अवसर पर माता सीता की पूजा विधि पूर्वक करनी चाहिए। उनके मंत्रों का सही विधि से मंत्र जाप करना अति फलदायी होता है।
**पूजा विधि:**
* जानकी जयंती के दिन ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
* पूजा स्थान को गंगाजल से शुद्ध करें और माता सीता तथा भगवान श्री राम की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें।
* माता सीता को पीले वस्त्र, सिंदूर, कुमकुम, हल्दी, अक्षत, धूप, दीप, गंध, पुष्प (पीले रंग के विशेषतः) अर्पित करें।
* फल, मिठाई और विशेष रूप से खीर का भोग लगाएं।
* नीचे दिए गए मंत्रों का कम से कम 108 बार जाप करें।
* माता सीता और भगवान राम की आरती करें।
* अंत में घर के सभी सदस्यों में प्रसाद वितरित करें।
**जानकी जयंती के विशेष मंत्र:**
माता सीता के इन शक्तिशाली मंत्रों का जाप कर आप उनकी कृपा प्राप्त कर सकते हैं:
ॐ जनकनन्दिन्यै विद्महे, भूमिजायै धीमहि, तन्नो सीता प्रचोदयात्।।
श्री सीतायै नमः।
जय सियाराम, जय जय सियाराम।
ॐ श्री सीता-रामाभ्यां नमः।
श्री राम जानकी नमो नमः।
**मंत्र जाप के दौरान बरतें ये सावधानियां:**
मंत्र जाप करते समय कुछ विशेष बातों का ध्यान रखना अत्यंत आवश्यक है ताकि आपको पूर्ण फल की प्राप्ति हो सके। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
* जाप से पूर्व स्नान कर शुद्ध वस्त्र धारण करें।
* एकाग्र मन से और शांत चित्त होकर ही जाप करें।
* जाप के लिए तुलसी या स्फटिक की माला का प्रयोग करना उत्तम माना जाता है।
* जाप के दौरान ब्रह्मचर्य का पालन करें और सात्विक भोजन ग्रहण करें।
* मन में किसी के प्रति द्वेष या नकारात्मक भाव न रखें।
जानकी जयंती का यह पावन पर्व हमें माता सीता के आदर्शों का स्मरण कराता है। इस दिन सच्चे हृदय से की गई पूजा और मंत्र जाप निश्चित रूप से आपके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाएगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
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आप भी इस शुभ अवसर पर भक्तिभाव से माता जानकी की आराधना करें और उनके आशीर्वाद से अपने जीवन को धन्य बनाएं।






