



West Bengal Politics: राजनीति की रणभूमि में आरोप-प्रत्यारोप के बाण जब तीर की तरह चलते हैं, तो जनता असमंजस में पड़ जाती है। पश्चिम बंगाल में भी ऐसा ही कुछ हो रहा है, जहां सियासी पारा सातवें आसमान पर है।
West Bengal Politics: भाजपा के निशाने पर ममता सरकार
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता दिलीप घोष ने पश्चिम बंगाल की मौजूदा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार हिंदुओं के हितों की रक्षा करने में पूरी तरह विफल रही है। कोलकाता में पत्रकारों से बात करते हुए घोष ने महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अत्याचारों, विपक्षी कार्यकर्ताओं पर हो रहे लगातार हमलों और पुलिस द्वारा भाजपा के कार्यक्रमों में बाधा डालने का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पुलिस और स्थानीय असामाजिक तत्व मिलकर राज्य के हिंदू समुदाय को एक विषम परिस्थिति में धकेल रहे हैं। यह सब मिलकर कर रहे हैं, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
पलायन की दास्ताँ और एकजुटता का आह्वान
दिलीप घोष ने दावा किया कि पुलिस और स्थानीय गुंडों के गठजोड़ से हिंदुओं को लगातार निशाना बनाया जा रहा है, जिसके चलते उन्हें अपने घरों से पलायन करने पर मजबूर होना पड़ रहा है। उन्होंने विशेष रूप से मुर्शिदाबाद से मालदा की ओर हो रहे पलायन का उल्लेख किया। घोष ने हिंदू समुदाय से एकजुट होने और ऐसे जनप्रतिनिधियों को चुनने का आग्रह किया जो उनके अधिकारों और सुरक्षा की प्रभावी ढंग से रक्षा कर सकें। उन्होंने जोर देकर कहा कि अपनी रक्षा के लिए हिंदुओं को स्वयं आगे आना होगा।
इस वर्ष के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव के कारण पश्चिम बंगाल की सियासत गरमाई हुई है। सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से कड़ी टक्कर मिल रही है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली टीएमसी ने विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया ब्लॉक’ का हिस्सा होने के बावजूद कांग्रेस या किसी अन्य सहयोगी दल के साथ सीट-बंटवारे या गठबंधन को लेकर कोई औपचारिक बातचीत शुरू नहीं की है।
करो या मरो का चुनावी बिगुल
एक दिन पूर्व केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने भी हिंदुओं की एकजुटता पर बल दिया था। उन्होंने कहा था कि देश और दुनिया के हिंदुओं को एक साथ आना चाहिए, क्योंकि वैश्विक स्तर पर हिंदुओं के लिए बहुत कम देश शेष हैं। उन्होंने आगामी पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को ‘करो या मरो’ की लड़ाई बताया। सिंह ने कहा कि इस बार बंगाल के हर घर से एक ‘गोपालपाठी’ का उदय होना चाहिए, अन्यथा वे (टीएमसी) उनका ‘कत्लेआम’ कर देंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें https://deshajtimes.com/news/national/। इस महत्वपूर्ण चुनावी दौर में हर नागरिक को अपनी भूमिका समझनी होगी।



