



Patna NEET Case: सोशल मीडिया की अथाह दुनिया में, जहां हर शब्द अपनी एक अलग उड़ान भरता है, कभी-कभी यही शब्द कानून के दायरे में आ जाते हैं। बिहार में एक पूर्व आईपीएस अधिकारी पर ऐसे ही तथ्यहीन और भड़काऊ पोस्ट करने का आरोप लगा है, जिसके बाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है।
पटना नीट मामले पर बड़ी कार्रवाई: पूर्व IPS अमिताभ दास के घर पुलिस की छापेमारी, हिरासत में लिया गया
Patna NEET Case: पूर्व IPS अमिताभ दास पर क्यों गिरी गाज?
पटना में हुए NEET छात्रा के कथित आत्महत्या मामले ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। इस संवेदनशील प्रकरण पर सोशल मीडिया पर भड़काऊ और तथ्यहीन जानकारी साझा करने के आरोप में पूर्व आईपीएस अधिकारी अमिताभ दास के खिलाफ शिकंजा कस गया है। शुक्रवार को पटना पुलिस ने उनके आवास पर छापा मारा और उन्हें पूछताछ के लिए अपने साथ ले गई। यह कार्रवाई सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट प्रसारित करने के आरोप में दर्ज की गई प्राथमिकी के आधार पर की गई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इन पोस्ट्स में ऐसी बातें कही गई थीं जिनसे समाज में भ्रम और अशांति फैलने की आशंका थी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
पुलिस विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि, ‘मामले की गंभीरता को देखते हुए यह आवश्यक था कि ऐसे पोस्ट्स के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाए जो न केवल गलत सूचना फैला रहे थे, बल्कि कानून व्यवस्था के लिए भी चुनौती बन रहे थे।’ पूर्व आईपीएस अमिताभ दास के खिलाफ आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब उन सभी सोशल मीडिया पोस्ट की जांच कर रही है, जिन्हें उन्होंने कथित तौर पर साझा किया था। इस घटना से प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मच गया है, क्योंकि एक पूर्व वरिष्ठ अधिकारी पर इस तरह की कार्रवाई अपने आप में एक बड़ी खबर है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
क्या है पूरा मामला और पुलिस का अगला कदम?
यह पूरा प्रकरण पटना में एक नीट की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत से जुड़ा है। इस मामले को लेकर विभिन्न मंचों पर तरह-तरह की बातें सामने आ रही थीं, जिनमें से कुछ तथ्यों से परे थीं। पुलिस का कहना है कि उनकी जांच निष्पक्ष और कानून के दायरे में होगी। फिलहाल, अमिताभ दास से पूछताछ जारी है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इन पोस्ट्स के पीछे उनका क्या मकसद था और कहीं इसमें कोई बड़ी साजिश तो नहीं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया क्या होगी, यह पुलिस की गहन छानबीन के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। बिहार में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ रखने के लिए पुलिस ऐसे सभी प्रयासों पर पैनी नजर रख रही है जो समाज में विद्वेष फैलाने या गलत जानकारी देने की कोशिश करते हैं।

