

Seva Tirth: राजनीति की प्रयोगशाला में अक्सर नए-नए प्रयोग होते हैं, लेकिन कुछ प्रयोग ऐसे होते हैं जो सत्ता के गलियारों से निकलकर सीधे जनता के जीवन को छूते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘सेवा तीर्थ’ की अवधारणा कुछ ऐसी ही है, जिसे अब विकास की धुरी बताया जा रहा है। भागलपुर में भारतीय जनता पार्टी के विधायक रोहित पांडेय ने इस अवधारणा को राष्ट्र को समर्पित एक शक्तिशाली सिंगल विंडो सिस्टम बताया है, जिसका लक्ष्य प्रशासनिक कार्यों में क्रांति लाना है।
क्या है Seva Tirth और कैसे करेगा काम?
भाजपा विधायक रोहित पांडेय के अनुसार, ‘सेवा तीर्थ’ केवल एक इमारत या कार्यालय नहीं है, बल्कि यह एक व्यापक और एकीकृत तंत्र है। यह प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) और विभिन्न मंत्रालयों के कार्यों की प्रभावी ढंग से निगरानी करने के लिए बनाया गया एक सिंगल विंडो सिस्टम है। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सरकारी योजनाएं और सेवाएं समय पर और पूरी पारदर्शिता के साथ आम जनता तक पहुंचें। पांडेय ने जोर देकर कहा कि यह प्रणाली प्रशासनिक जवाबदेही और जनसेवा को मजबूत करने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगी, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इससे सरकारी कामकाज में अनावश्यक देरी और भ्रष्टाचार पर भी लगाम लगेगी।
वैश्विक पटल पर ‘विकसित भारत’ की गूंज
रोहित पांडेय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि 2014 के बाद से देश में शासन-प्रशासन की परिभाषा ही बदल गई है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा प्रस्तुत ‘विकसित भारत’ की परिकल्पना आज सिर्फ एक नारा नहीं, बल्कि एक हकीकत बनती दिख रही है। इसी का परिणाम है कि आज भारत को वैश्विक मंच पर एक नई और मजबूत पहचान मिली है। पीएम मोदी की नीतियों के कारण शासन व्यवस्था में जो तेजी, पारदर्शिता और जवाबदेही आई है, उसका सीधा लाभ देश के आम नागरिकों को मिल रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। उन्होंने कहा कि यह बदलाव देश के हर कोने में महसूस किया जा सकता है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/
विपक्ष की भूमिका पर उठाए सवाल
इस दौरान विधायक रोहित पांडेय ने विपक्षी दलों, खासकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि एक तरफ प्रधानमंत्री मोदी देश को विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जा रहे हैं और भारत की वैश्विक प्रतिष्ठा लगातार बढ़ रही है, वहीं दूसरी ओर विपक्ष इस सकारात्मक बदलाव को स्वीकार नहीं कर पा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी का रुख अक्सर राष्ट्रहित के विपरीत प्रतीत होता है, जो देश की प्रगति के लिए चिंता का विषय है। पांडेय ने कहा कि विपक्ष को नकारात्मक राजनीति छोड़कर देश के विकास में रचनात्मक भूमिका निभानी चाहिए।



