back to top
⮜ शहर चुनें
फ़रवरी, 16, 2026
spot_img

सूर्य ग्रहण 2026: इस महाखगोलीय घटना पर दान का महत्व और पुण्य फल

spot_img
- Advertisement - Advertisement

Surya Grahan: सूर्य ग्रहण ब्रह्मांड में घटित होने वाली खगोलीय घटनाएं सदैव ही मानव जीवन पर गहरा प्रभाव डालती हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, यह एक ऐसी महत्वपूर्ण घटना है जिसका आध्यात्मिक और वैज्ञानिक दोनों दृष्टियों से विशेष महत्व है। भारतीय संस्कृति में ग्रहण काल को अत्यधिक संवेदनशील माना गया है, और इस दौरान कुछ विशेष कार्यों को वर्जित तथा कुछ को अत्यंत पुण्यदायी बताया गया है।

- Advertisement -

सूर्य ग्रहण 2026: इस महाखगोलीय घटना पर दान का महत्व और पुण्य फल

सनातन धर्म की मान्यताओं के अनुसार, सूर्य ग्रहण के समय दान का विशेष विधान है। यह परंपरा प्राचीन काल से चली आ रही है, जिसका मूल उद्देश्य कुंडली में सूर्य की स्थिति को बलवान करना और विभिन्न ग्रह दोषों से मुक्ति पाना है। ऐसा माना जाता है कि ग्रहण काल में किया गया दान कई गुना अधिक फल प्रदान करता है और व्यक्ति के जीवन में सकारात्मकता लाता है। यह समय आत्मचिंतन, जप और दान-पुण्य के लिए अत्यंत उपयुक्त होता है।

- Advertisement -

सूर्य ग्रहण: ग्रहण काल में दान का महत्व और पुण्य फल

ज्योतिषीय दृष्टिकोण से, सूर्य को आत्मा, पिता, मान-सम्मान और स्वास्थ्य का कारक माना जाता है। जब सूर्य ग्रहण लगता है, तो सूर्य पीड़ित हो जाता है, जिसका सीधा प्रभाव इन सभी पहलुओं पर पड़ सकता है। ऐसे में दान के माध्यम से सूर्य को मजबूत करने और उसके नकारात्मक प्रभावों को कम करने का प्रयास किया जाता है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह क्रिया न केवल ग्रह दोषों को शांत करती है, बल्कि दुर्भाग्य को दूर कर सौभाग्य को आकर्षित भी करती है। आइए जानते हैं उन 5 महत्वपूर्ण वस्तुओं के बारे में जिनका दान सूर्य ग्रहण के दिन अत्यंत शुभकारी माना गया है। धर्म, व्रत और त्योहारों की संपूर्ण जानकारी के लिए यहां क्लिक करें: धर्म, व्रत और त्योहारों की संपूर्ण जानकारी के लिए यहां क्लिक करें

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  भगवान शिव: गुरुदेव श्री श्री रवि शंकर से जानें शिव का वास्तविक मर्म

गेहूं का दान

गेहूं को सूर्य देव का प्रिय अनाज माना जाता है। सूर्य ग्रहण के दिन गेहूं का दान करने से कुंडली में सूर्य की स्थिति मजबूत होती है, जिससे व्यक्ति को मान-सम्मान, यश और पद-प्रतिष्ठा की प्राप्ति होती है। यह दान स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को दूर करने और आत्मविश्वास बढ़ाने में भी सहायक होता है।

गुड़ का दान

गुड़ भी सूर्य से संबंधित वस्तु है और इसका दान करने से सूर्य देव प्रसन्न होते हैं। ग्रहण काल में गुड़ का दान विशेष रूप से फलदायी माना गया है। इससे आर्थिक स्थिति में सुधार होता है, घर में सुख-समृद्धि आती है और दरिद्रता का नाश होता है। यह दान प्रेम संबंधों में भी मधुरता लाने वाला होता है।

तांबे का दान

तांबा सूर्य की धातु है। इस पवित्र धातु का दान करने से सूर्य के नकारात्मक प्रभाव कम होते हैं और व्यक्ति को आरोग्य की प्राप्ति होती है। तांबे की वस्तुएं जैसे लोटा, बर्तन या कोई मूर्ति दान करने से शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य उत्तम बना रहता है तथा नकारात्मक ऊर्जाओं से मुक्ति मिलती है।

लाल वस्त्रों का दान

लाल रंग सूर्य का प्रतिनिधित्व करता है और इसे अत्यंत शुभ माना जाता है। ग्रहण के पश्चात किसी गरीब या जरूरतमंद व्यक्ति को लाल वस्त्रों का दान करने से सूर्य देव की कृपा प्राप्त होती है। यह दान व्यक्ति के आत्मविश्वास में वृद्धि करता है, शत्रुओं पर विजय दिलाता है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है।

यह भी पढ़ें:  Aaj Ka Panchang: आज का पंचांग: 16 फरवरी 2026 – शिव आराधना का विशेष दिन, जानिए नक्षत्र, योग और करण

तिल का दान

यद्यपि तिल का संबंध मुख्य रूप से शनि और राहु से है, परंतु ग्रहण काल में तिल का दान पितृ दोषों को शांत करने और राहु-केतु के अशुभ प्रभावों को कम करने में सहायक होता है। ग्रहण के समय कई प्रकार की नकारात्मक ऊर्जाएं सक्रिय होती हैं, ऐसे में तिल का दान इन ऊर्जाओं को निष्क्रिय करने और शांति स्थापित करने में मदद करता है।

यह भी पढ़ें:  Lord Shiva: गुरुदेव श्री श्री रवि शंकर के अनुसार शिव का वास्तविक अर्थ

निष्कर्ष और उपाय

इन वस्तुओं का दान न केवल आपकी कुंडली में सूर्य को मजबूत करता है, बल्कि यह आपको विभिन्न ग्रह दोषों से भी मुक्ति दिलाता है। श्रद्धापूर्वक किया गया यह दान आपके जीवन में सुख, शांति और समृद्धि लाता है। यह परंपरा हमें परोपकार और त्याग का महत्व सिखाती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। ग्रहण के पश्चात स्नान कर शुद्ध मन से इन वस्तुओं का दान करें और प्रभु का आशीर्वाद प्राप्त करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस पुण्य कार्य से न केवल आपको आध्यात्मिक लाभ मिलेगा, बल्कि समाज में सद्भाव और करुणा का भाव भी जागृत होगा।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

T20 वर्ल्ड कप 2026: IND vs PAK मुकाबले में पाकिस्तान की ‘बेइज्जती’, टीम इंडिया ने हाथ मिलाने से किया इनकार!

IND vs PAK: भारतीय क्रिकेट के इतिहास में भारत और पाकिस्तान के मुकाबले सिर्फ...

Karan Tacker: ‘टीवी एक्टर हो तो लीड रोल नहीं मिलेगा’, करण टैकर ने बयां किया बॉलीवुड का कड़वा सच!

Karan Tacker News: छोटे पर्दे पर अपनी एक्टिंग का जादू बिखेरने वाले करण टैकर...

सुरक्षित निवेश विकल्प: जानें पोस्ट ऑफिस की टॉप योजनाएं और उनके फायदे

Investment Options: भारतीय निवेशकों के लिए सुरक्षित निवेश हमेशा से एक प्राथमिकता रहा है,...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें