

Bihar Land Registry: बुढ़ापे में सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाना किसी अग्निपरीक्षा से कम नहीं, लेकिन अब बिहार के वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह मुश्किल आसान होने जा रही है। घर बैठे रजिस्ट्री की सुविधा उन्हें सुकून देगी।
बिहार में घर बैठे होगी जमीन की रजिस्ट्री, 80 पार के बुजुर्गों को ‘Bihar Land Registry’ से मिलेगी बड़ी राहत
वरिष्ठ नागरिकों के लिए आसान हुई Bihar Land Registry प्रक्रिया
बिहार में 80 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों के लिए जमीन की रजिस्ट्री प्रक्रिया अब और भी सुगम होने वाली है। सरकार ने एक नई व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया है, जिसके तहत अधिकारी स्वयं उनके घर पहुंचकर ऑनलाइन रजिस्ट्री की प्रक्रिया पूरी करेंगे। यह पहल उन बुजुर्गों के लिए एक बड़ी राहत है, जिन्हें अक्सर रजिस्ट्री कार्यालय के कई चक्कर लगाने पड़ते थे और शारीरिक परेशानियों का सामना करना पड़ता था। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह नया कदम डिजिटल इंडिया की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पड़ाव है, जो लोगों को घर बैठे सरकारी सेवाओं का लाभ उठाने में मदद करेगा। इस नई प्रणाली से संपत्ति पंजीकरण से जुड़ी जटिलताएं काफी हद तक कम होने की उम्मीद है।
सरकार का लक्ष्य है कि इस सुविधा को जल्द से जल्द प्रभावी बनाया जाए, ताकि अधिक से अधिक वरिष्ठ नागरिक इसका लाभ उठा सकें। इससे न केवल उनके समय की बचत होगी, बल्कि उनकी ऊर्जा भी बचेगी, जो उन्हें दफ्तरों तक आने-जाने में खर्च करनी पड़ती थी। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/ यह सुनिश्चित किया जाएगा कि इस पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे और बुजुर्गों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
घर बैठे कैसे होगी रजिस्ट्री? जानें पूरी प्रक्रिया
इस नई व्यवस्था के तहत, 80 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिक घर बैठे जमीन रजिस्ट्री के लिए आवेदन कर सकेंगे। आवेदन प्राप्त होने के बाद, संबंधित रजिस्ट्री कार्यालय के अधिकारी एक निश्चित तिथि पर आवेदक के घर जाएंगे। उनके पास आवश्यक उपकरण और इंटरनेट कनेक्टिविटी होगी, जिससे वे मौके पर ही सभी औपचारिकताओं को ऑनलाइन पूरा कर सकेंगे। इसमें दस्तावेजों की जांच, बायोमेट्रिक सत्यापन और अन्य कानूनी प्रक्रियाएं शामिल होंगी। इस दौरान, बुजुर्गों को किसी भी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं होगी, क्योंकि सभी कार्य अधिकारियों की देखरेख में संपन्न होंगे। इस सुविधा के शुरू होने से बिहार में लाखों बुजुर्गों को फायदा मिलेगा और उनकी कई वर्षों से लंबित रजिस्ट्री की समस्या का समाधान हो सकेगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।


