

Pooja Bhatt News: बॉलीवुड की चकाचौंध भरी दुनिया में कई सितारे अपनी निजी जिंदगी के उतार-चढ़ाव को छिपा नहीं पाते। ऐसी ही एक नामी अदाकारा हैं पूजा भट्ट, जिन्होंने परदे पर तो शराब छोड़ने की नसीहत दी, लेकिन असल जिंदगी में खुद इस लत से जूझते हुए एक लंबी और दर्दनाक जंग लड़ी।
पूजा भट्ट की नशे से जंग: एक ऐसी कहानी जिसने सबको चौंका दिया!
पूजा भट्ट ने बहुत कम उम्र में ही फिल्मी दुनिया में अपनी एक अलग पहचान बना ली थी। लेकिन, उनकी जिंदगी केवल फिल्मी सफर तक ही सीमित नहीं रही। अपनी निजी जिंदगी में उन्होंने कई ऐसी चुनौतियों का सामना किया, जिनमें से एक थी शराब की गहरी लत। ये वो दौर था जब पर्दे पर शराब छोड़ने की सलाह देने वाली पूजा खुद इस जाल में बुरी तरह फंसी हुई थीं।
पूजा भट्ट: फिल्मी सफर और निजी जिंदगी के अनछुए पहलू
24 फरवरी 1972 को मुंबई में जन्मी पूजा भट्ट मशहूर निर्देशक महेश भट्ट और किरण भट्ट की बेटी हैं। उनके भाई राहुल भट्ट भी फिल्म उद्योग से जुड़े हैं। महेश भट्ट की दूसरी शादी सोनी राजदान से हुई, जिनसे आलिया भट्ट और शाहीन भट्ट हैं। शुरुआती दौर में पूजा के अपनी सौतेली मां और बहनों के साथ रिश्ते थोड़े तनावपूर्ण थे, लेकिन समय के साथ सब कुछ ठीक हो गया और अब पूजा अपने पूरे परिवार के बेहद करीब हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
पूजा भट्ट ने महज 17 साल की उम्र में 1989 में फिल्म ‘डैडी’ से फिल्मी करियर की शुरुआत की थी। इस फिल्म का निर्देशन उनके पिता महेश भट्ट ने ही किया था। ‘डैडी’ एक शराबी पिता (अनुपम खेर) और उसकी बेटी (पूजा भट्ट) के भावनात्मक रिश्ते पर आधारित थी। फिल्म में पूजा ने एक ऐसी बेटी का किरदार निभाया, जो अपने पिता को शराब छोड़ने के लिए प्रेरित करती है। विडंबना यह है कि ऐसी सशक्त भूमिका निभाने के बावजूद, पूजा खुद कई सालों तक शराब की लत से जूझती रहीं।
नशे के खिलाफ जंग और एक नई शुरुआत
पूजा भट्ट ने कई इंटरव्यू में खुलकर बताया है कि कैसे एक वक्त उन्हें शराब की इतनी बुरी लत लग गई थी कि वो मरने के कगार पर पहुंच गई थीं। 45 साल की उम्र में उन्हें अपनी जिंदगी का सच समझ आया और उन्होंने शराब छोड़ने का कड़ा फैसला लिया। यह उनके लिए एक मुश्किल जंग थी, लेकिन उन्होंने खुद पर नियंत्रण पाया और इस लत से पूरी तरह बाहर आकर लाखों फैंस के लिए एक प्रेरणा स्रोत बन गईं।
1991 में पूजा ने ‘दिल है कि मानता नहीं’ से बतौर हीरोइन डेब्यू किया। इस फिल्म को दर्शकों ने अपार प्यार दिया और पूजा रातों-रात स्टार बन गईं। उनकी और आमिर खान की जोड़ी को उस दौर में खूब पसंद किया गया था। मनोरंजन जगत की चटपटी खबरों के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/entertainment/
उन्होंने ‘सड़क’, ‘चाहत’, ‘जख्म’, ‘सनम तेरी कसम’ और ‘प्यार दीवाने’ जैसी कई सफल फिल्मों में काम किया। अपने फिल्मी सफर में उन्होंने कई उतार-चढ़ाव देखे। जब उनकी कुछ फिल्में बॉक्स ऑफिस पर कमाल नहीं कर पाईं, तो उन्होंने हार नहीं मानी। उन्होंने अभिनय के साथ-साथ निर्देशन और निर्माण के क्षेत्र में भी कदम रखा। ‘जिस्म’, ‘पाप’, ‘धोखा’ और ‘कजरारे’ जैसी फिल्में उनके निर्देशन और निर्माण की मिसाल हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।


