
Earthquake Mock Drill: धरती जब अंगड़ाई लेती है तो गगनचुंबी इमारतें भी ताश के पत्तों की तरह ढह जाती हैं। इसी भयावह सच्चाई से लड़ने और किसी भी अनहोनी के लिए तैयार रहने के उद्देश्य से मधुबनी ने अपनी कमर कस ली है। गुरुवार को राष्ट्रीय आपदा प्राधिकरण के निर्देशों के तहत जिले के पांच प्रमुख स्थानों पर भूकंप और आगजनी जैसी आपदाओं से निपटने के लिए एक व्यापक मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न बचाव दलों ने अपनी तैयारियों का प्रदर्शन किया।
यह अभ्यास मधुबनी के समाहरणालय परिसर, वाट्सन उच्च विद्यालय, सदर अस्पताल, सिटी कार्ट मॉल और मिथिला चित्रकला संस्थान में एक साथ आयोजित किया गया। जैसे ही समाहरणालय स्थित डिस्ट्रिक्ट इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम से भूकंप की सांकेतिक सूचना जारी हुई, पूरा प्रशासनिक अमला हरकत में आ गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। सायरन की आवाजों के बीच एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आपदा मित्र, गृहरक्षक और स्वास्थ्य विभाग की टीमें तुरंत अपने-अपने मोर्चों पर डट गईं।
Earthquake Mock Drill का सफल आयोजन, परखी गईं तैयारियां
इस पूर्वाभ्यास का मुख्य केंद्र समाहरणालय परिसर और वाट्सन उच्च विद्यालय रहा, जिसे स्टेजिंग एरिया बनाया गया था। अपर समाहर्ता संतोष कुमार ने डिस्ट्रिक्ट इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम से सूचना मिलते ही राहत बचाव दलों को घटनास्थल की ओर रवाना किया। समाहरणालय के अंदर भूकंप से हुए नुकसान के बाद फंसे लोगों को बचाने का जीवंत प्रदर्शन किया गया। एनडीआरएफ की टीम ने अपने अत्याधुनिक उपकरणों का उपयोग करते हुए त्वरित गति से घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला। यह पूरा अभ्यास आपदा प्रबंधन की बारीकियों को समझने में बेहद महत्वपूर्ण साबित हुआ। घटनास्थल पर पहले से ही मुस्तैद स्वास्थ्य विभाग की एम्बुलेंस ने घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाने का काम किया।
सिटी कार्ट मॉल में आग पर भी पाया गया काबू
मॉक ड्रिल के एक अन्य हिस्से में, सिटी कार्ट मॉल में आगजनी की घटना का परिदृश्य बनाया गया। सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग के कर्मी पूरी तैयारी के साथ मौके पर पहुंचे और बचाव अभियान चलाया। उन्होंने दिखाया कि कैसे भीड़भाड़ वाले इलाके में आग पर काबू पाया जा सकता है और लोगों को सुरक्षित निकाला जा सकता है। इस पूरे कार्यक्रम की निगरानी सीधे राष्ट्रीय आपदा प्राधिकरण द्वारा उपलब्ध कराए गए लिंक पर लाइव स्ट्रीमिंग के माध्यम से की जा रही थी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह सुनिश्चित करने के लिए था कि सभी मानक प्रक्रियाओं का सही ढंग से पालन हो। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/
जिले के आला अधिकारी रहे मौके पर मौजूद
इस महत्वपूर्ण अभ्यास के दौरान जिले के सभी प्रमुख अधिकारी मौके पर मौजूद रहकर पूरी प्रक्रिया की निगरानी कर रहे थे। इनमें अपर समाहर्ता आपदा संतोष कुमार, जिला लोक शिकायत पदाधिकारी राजेश कुमार सिंह, डीटीओ रामबाबू, जिला बंदोबस्त पदाधिकारी चंद्रशेखर आजाद, उप निदेशक जनसंपर्क परिमल कुमार, एसडीओ चंदन झा, और आपदा के प्रभारी पदाधिकारी रजनीश कुमार शामिल थे। इसके अतिरिक्त, होम गार्ड कमांडेंट अमित कुमार, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ के कमांडेंट एवं डॉ. राजीव रंजन सहित सभी स्टेक होल्डर और पर्यवेक्षक भी उपस्थित थे, जिन्होंने इस अभ्यास को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।







