

Kamtaul News: कानून के हाथ लंबे होते हैं, ये कहावत तो सुनी होगी, लेकिन जब पुलिस का शिकंजा कसता है तो बड़े-बड़े शातिर भी बिल से बाहर आ ही जाते हैं। बिहार के कमतौल में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला, जहां एक नाबालिग लड़की के यौन शोषण का मुख्य आरोपी महीनों से फरार चल रहा था, लेकिन आखिरकार उसे न्यायालय के सामने घुटने टेकने ही पड़े।
Kamtaul News: जानिए क्या है पूरा मामला
जानकारी के अनुसार, पिछले साल दिसंबर महीने में एक नाबालिग लड़की की मां ने कमतौल थाने में एक प्राथमिकी दर्ज कराई थी। अपनी शिकायत में उन्होंने मसुदुर रहमान उर्फ शाबान और जीशान नामक दो युवकों पर गंभीर आरोप लगाए थे। आरोप था कि इन दोनों ने उनकी नाबालिग बेटी का अश्लील वीडियो बनाया और फिर उसे वायरल करने की धमकी देकर लगातार उसका यौन और आर्थिक शोषण कर रहे थे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया था।
इस मामले में पुलिस ने पहले ही एक आरोपी जीशान को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया था। हालांकि, मामले का मुख्य आरोपी मसुदुर रहमान उर्फ शाबान पुलिस की पकड़ से बाहर था और लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा था।
पुलिस की दबिश ने तोड़ी आरोपी की कमर
मुख्य आरोपी शाबान की फरारी को लेकर पुलिस लगातार छापेमारी कर रही थी। जब वह हाथ नहीं आया, तो पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया के तहत उसके घर पर इश्तिहार भी चिपका दिया था, जिससे उस पर सामाजिक और कानूनी दबाव बढ़ गया था। चारों तरफ से खुद को घिरता देख और गिरफ्तारी के डर से शाबान ने गुरुवार को खुद ही न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। न्यायालय ने उसे फौरन न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया।
इस संबंध में जानकारी देते हुए थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर संजीव कुमार चौधरी ने बताया कि आरोपी ने पुलिस के दबाव के कारण आत्मसमर्पण किया है। उन्होंने कहा कि इस मामले में विधिसम्मत कार्रवाई पूरी की जा रही है और पीड़िता को न्याय दिलाया जाएगा। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।

