

Supaul Bus Accident: रात का घना अंधेरा, रफ्तार की सनसनाहट और एक पल की चूक। यात्रियों से भरी बस जैसे ही अनियंत्रित हुई, मौत का साया मंडरा उठा, लेकिन होनी को कुछ और ही मंजूर था।
सुपौल बस दुर्घटना: 20 फीट गहरे गड्ढे में गिरी यात्रियों से भरी बस, 70 से अधिक लोग बाल-बाल बचे
सुपौल बस दुर्घटना: कैसे टला एक बड़ा हादसा?
बिहार के सुपौल जिले में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। सोमवार तड़के करीब 3 बजे पटना से जोगबनी जा रही एक यात्री बस राष्ट्रीय राजमार्ग-27 (NH-27) पर चिकनी गांव के पास अचानक अनियंत्रित हो गई और सड़क किनारे लगभग 20 फीट गहरे गड्ढे में जा गिरी। बस में 70 से अधिक यात्री सवार थे, जिनकी जान बाल-बाल बच गई। इस भीषण दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगों और पुलिस की त्वरित कार्रवाई से सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आधे से अधिक यात्रियों को हल्की चोटें आई हैं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद घर भेज दिया गया है। इस तरह की बिहार रोड एक्सीडेंट की घटनाएं अक्सर सड़कों पर लापरवाही की ओर इशारा करती हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
यात्रियों और स्थानीय लोगों की आपबीती
गड्ढे में गिरने के बाद बस बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। यात्रियों ने बताया कि चालक को शायद नींद का झोंका आ गया था, जिससे बस पर से उसका नियंत्रण हट गया। कुछ यात्रियों ने बताया कि यदि गड्ढे में पानी होता या बस पलटी होती, तो बड़ा जान-माल का नुकसान हो सकता था। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और बस चालक से पूछताछ की जा रही है। ऐसे हादसों को रोकने के लिए यातायात नियमों का पालन अत्यंत आवश्यक है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। अधिकारियों ने बताया कि सभी घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां से अधिकांश को छुट्टी दे दी गई है। यह घटना एक बार फिर सड़क सुरक्षा उपायों की समीक्षा की आवश्यकता पर जोर देती है। सुपौल पुलिस ने बताया कि बस को क्रेन की मदद से बाहर निकालने का प्रयास किया जा रहा है।




