

PM Modi Middle East: मध्य पूर्व का रेगिस्तान एक बार फिर से अशांति की आग से धधक रहा है, जहां बारूद की गंध हवा में घुल गई है। ऐसे में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कूटनीति की राह पकड़ते हुए खाड़ी देशों के शीर्ष नेताओं से बात कर शांति और स्थिरता का संदेश दिया है।
मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान अल सऊद और बहरीन के राजा हमद बिन ईसा अल खलीफा से टेलीफोन पर बात की। इन महत्वपूर्ण वार्ताओं के दौरान, प्रधानमंत्री ने सऊदी अरब और बहरीन पर हुए ईरान के हमलों की कड़ी निंदा की। उन्होंने इन दोनों मित्र देशों में रह रहे विशाल भारतीय समुदाय के कल्याण और सुरक्षा पर भी विस्तृत चर्चा की।
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इन वार्ताओं की जानकारी दी। उन्होंने बहरीन के राजा, महामहिम हमद बिन ईसा अल खलीफा के साथ ‘सार्थक फोन पर बातचीत’ का उल्लेख किया। भारत बहरीन पर हुए हालिया हमलों की निंदा करता है और इस कठिन घड़ी में बहरीन के लोगों के साथ पूरी एकजुटता से खड़ा है। प्रधानमंत्री ने भारतीय समुदाय को बहरीन में दिए जा रहे उनके अटूट समर्थन के लिए राजा को धन्यवाद भी दिया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
PM Modi Middle East और खाड़ी देशों में शांति की पहल
एक अन्य पोस्ट में, मोदी ने सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस और प्रधानमंत्री, महामहिम प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के साथ पश्चिम एशिया में उभरती स्थिति पर चर्चा की बात कही। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत सऊदी अरब पर हाल ही में हुए हमलों की निंदा करता है, जो उसकी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का सीधा उल्लंघन हैं। यह खाड़ी संकट लगातार गहराता जा रहा है, जिससे पूरे क्षेत्र में अनिश्चितता का माहौल है।
अमेरिका, इज़राइल और ईरान के बीच संघर्ष शुरू होने के बाद से प्रधानमंत्री मोदी खाड़ी देशों के नेताओं के साथ नियमित रूप से संपर्क में हैं। रविवार को उन्होंने अपने इज़राइली समकक्ष बेंजामिन नेतन्याहू से भी फोन पर बातचीत की थी और क्षेत्र में सभी प्रकार की शत्रुता को जल्द समाप्त करने के लिए भारत की अपील को दोहराया। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करेंhttps://deshajtimes.com/news/national/।
सुरक्षा परिषद की बैठक और भारत की सक्रिय भूमिका
नेतन्याहू के अलावा, प्रधानमंत्री ने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से भी बात की थी। इस बातचीत के दौरान उन्होंने खाड़ी देशों पर ईरानी हमलों की निंदा की और क्षेत्र में तनाव कम करने का आह्वान किया। उन्होंने यूएई में भारतीय समुदाय की बेहतरीन देखभाल करने के लिए अल नाहयान को विशेष धन्यवाद भी दिया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
प्रधानमंत्री ने मौजूदा स्थिति की समीक्षा के लिए कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी (सीसीएस) की अध्यक्षता भी की। सीसीएस की बैठक रविवार रात को हुई, जिसमें रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस जयशंकर, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोवाल, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान, कैबिनेट सचिव टीवी सोमनाथन, विदेश सचिव विक्रम मिसरी और अन्य महत्वपूर्ण अधिकारी उपस्थित थे। यह बैठक दर्शाती है कि भारत इस क्षेत्रीय अस्थिरता को कितनी गंभीरता से ले रहा है।


