spot_img

Countries Renamed: जानिए क्यों और किन देशों ने बदले अपने नाम!

spot_img
- Advertisement -

Countries Renamed: दुनिया भर के कई देशों ने समय के साथ अपनी पहचान को नए नाम दिए हैं, जो उनकी संस्कृति, राजनीति और स्वतंत्रता के सफर को दर्शाते हैं। इतिहास के पन्नों में ऐसे अनेक उदाहरण मिलते हैं जब राष्ट्रों ने अपनी विरासत को पुनर्जीवित करने या औपनिवेशिक अतीत को मिटाने के लिए अपने नामों में बदलाव किया।

- Advertisement -

Countries Renamed: जानिए क्यों और किन देशों ने बदले अपने नाम!

Countries Renamed: ऐतिहासिक बदलाव और उनके मायने

दुनिया बदल रही है और इस बदलाव के साथ कई देशों ने अपनी पहचान को नए नाम के रूप में सामने रखा है। इतिहास के अलग-अलग दौर में कुछ देशों ने आजादी के बाद, कुछ ने अपनी भाषा और संस्कृति को आगे बढ़ाने के लिए, तो कुछ ने राजनीतिक वजहों से अपना नाम बदला है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। पुराने नाम यादों में रह गए और नए नामों के साथ नई पहचान बनी। यह Country Name Changes History अपने आप में रोचक और ज्ञानवर्धक है।

- Advertisement -

दक्षिण एशिया से शुरुआत करें तो पहले जिस देश को दुनिया बर्मा कहती थी, वह आज म्यांमार के नाम से जाना जाता है। साल 1989 में सरकार ने यह बदलाव किया। कहा गया कि नया नाम देश की सभी जातियों और समुदायों को साथ लेकर चलता है। हालांकि आज भी कई देशों में लोग इसे बर्मा कह देते हैं, लेकिन आधिकारिक नाम म्यांमार ही है।

- Advertisement -

इसी तरह हिंद महासागर में बसे द्वीपीय देश को कभी सीलोन कहा जाता था। आज वही देश श्रीलंका है। साल 1972 में नाम बदला गया ताकि औपनिवेशिक दौर की पहचान को पीछे छोड़कर अपनी भाषा और संस्कृति को आगे लाया जा सके। श्रीलंका नाम आज देश की नई पहचान बन चुका है।

मध्य पूर्व और यूरोपीय देशों के नाम परिवर्तन

मध्य पूर्व में भी नाम बदलने की कहानी कम रोचक नहीं है। कभी दुनिया जिसे फारस के नाम से जानती थी, वह आज ईरान है। साल 1935 में यह फैसला लिया गया। ईरान का मतलब होता है आर्यों की भूमि, जो देश की प्राचीन पहचान से जुड़ा है।

हाल के वर्षों में यूरोप और एशिया की सीमा पर बसे देश ने भी अपने नाम को लेकर बड़ा फैसला लिया। तुर्की ने दुनिया से अनुरोध किया कि उसे अब तुर्किए कहा जाए। सरकार का कहना था कि यही नाम देश की सही पहचान और भाषा को दर्शाता है। संयुक्त राष्ट्र ने भी इस नाम को मान्यता दे दी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

यूरोप में भी नाम को लेकर विवाद और समाधान की कहानी सामने आई। लंबे समय तक मैसेडोनिया कहलाने वाला देश अब नॉर्थ मैसेडोनिया है। ग्रीस के साथ नाम को लेकर चले विवाद के बाद साल 2019 में यह नया नाम तय हुआ और अंतरराष्ट्रीय मान्यता मिली।

अफ्रीका और दक्षिण-पूर्व एशिया में नामकरण का दौर

अफ्रीका की ओर बढ़ें तो वहां भी इतिहास ने कई नाम बदले। ब्रिटिश शासन के दौरान रोडेशिया कहलाने वाला देश आज जिम्बाब्वे है। साल 1980 में आजादी मिलने के बाद नया नाम अपनाया गया, जो स्थानीय इतिहास और गौरव से जुड़ा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। पहले स्वाजीलैंड कहलाने वाला देश अब एस्वातिनी है। साल 2018 में राजा ने नाम बदलने का ऐलान किया, ताकि विदेशी असर से हटकर स्थानीय पहचान मजबूत हो सके।

दक्षिण-पूर्व एशिया में एक और बड़ा बदलाव देखने को मिला, जब सियाम कहलाने वाला देश थाईलैंड बन गया। साल 1939 में हुए इस बदलाव के पीछे आजादी की भावना थी। ‘थाई’ शब्द का मतलब होता है आजाद और यही संदेश देश दुनिया को देना चाहता था। यह Country Name Changes History दुनिया के विभिन्न हिस्सों में समान पैटर्न दर्शाती है।

लेटेस्ट एजुकेशन और जॉब अपडेट्स के लिए यहां क्लिक करें

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

Darbhanga Crime! दरभंगा में बुजुर्ग की हत्या! आख़िर आर्केस्ट्रा में क्या हुआ, कैसे गई जान?

Bihar Crime: दरभंगा में आर्केस्ट्रा के दौरान हुई धक्का-मुक्की में 72 वर्षीय रमाशंकर मिश्र की मौत हो गई। परिजनों ने राहुल, चंदन, राकेश और अविनाश शर्मा पर हत्या का आरोप लगाया #BiharCrime,#DarbhangaNews,#ElderlyDeath

दरभंगा में नौकरी का बंपर मौका! 13 अक्टूबर को MIKUNI INDIA में 100 पदों पर सीधी भर्ती, तुरंत पाएं ₹15,000 सैलरी

Darbhanga Job Camp: दरभंगा के युवाओं के लिए बड़ा मौका! 13 अक्टूबर को लगने वाले जॉब कैंप में MIKUNI INDIA PVT LTD 100 'मशीन ऑपरेटर' पदों पर भर्ती करेगी। ₹15,000 मासिक वेतन मिलेगा। #DarbhangaNews,#BiharJobs,#EmploymentOpportunity

Bihar Politics दिल्ली में 38 हजार जवान, बिहार की 4 ट्रेनें रद्द; ‘तिलचट्टे’ वाले बयान पर भड़की सियासत

Bihar Politics: दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन को लेकर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। 38 हजार जवानों की तैनाती और बिहार से दिल्ली जाने वाली 4 ट्रेनों के रद्द #BiharPolitics,#DelhiProtest,#MithileshTiwari

बिहार में घूसखोर डॉक्टर के घर मिला 15 लाख कैश, बैंक में 1 करोड़, निगरानी ने प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कामिनी और कंप्यूटर ऑपरेटर...

Bihar Vigilance: बिहार में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने वैशाली की प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कामिनी प्रसाद को 8600 रुपये घूस लेते गिरफ्तार किया। उनके पटना आवास से 15.12 लाख रुप #BiharVigilance,#VaishaliCorruption,#DrKaminiPrasad