
Biraul News: कभी-कभी हीरोपंती दिखाने का शौक इंसान को सीधा हवालात की हवा खिला देता है। बिरौल में भी एक युवक के साथ कुछ ऐसा ही हुआ, जब उसका रौब दिखाना महंगा पड़ गया और पुलिस ने उसे सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।
Biraul News: जानिए क्या है पूरा मामला
थानाध्यक्ष चंद्रमणि से मिली जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार युवक की पहचान थाना क्षेत्र के सर्दी गांव निवासी राम उदगार दास के पुत्र दिलखुश कुमार के रूप में हुई है। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि सुपौल के कोठीपुल चौक पर एक युवक हाथ में पिस्टल लहराकर लोगों को डरा-धमका रहा है और इलाके में दहशत का माहौल बना रहा है।
इस सूचना के मिलते ही गश्त कर रही पुलिस टीम, जिसका नेतृत्व पुअनि शशि भूषण रजक कर रहे थे, को तुरंत मौके पर भेजा गया। पुलिस की गाड़ी को अपनी ओर आता देख युवक के हाथ-पांव फूल गए और वह मौके से भागने की कोशिश करने लगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
पुलिस को देखते ही भागने लगा आरोपी
हालांकि, पुलिसकर्मियों ने साथ में मौजूद बल के सहयोग से उसे खदेड़कर पकड़ लिया। पकड़े जाने पर जब उससे नाम-पता पूछा गया तो उसने अपनी पहचान दिलखुश कुमार, पिता- रामउदगार दास, ग्राम- सर्दी, थाना- बिरौल, जिला- दरभंगा के रूप में बताई। इसके बाद पुलिस ने जब उसकी तलाशी ली, तो उसकी कमर के बाईं ओर फुलपैन्ट में खोंसा हुआ एक काले रंग का देसी पिस्तौल जैसा हथियार बरामद हुआ।
पूछताछ में युवक ने कबूला अपना जुर्म
जब पुलिस ने बरामद हुए हथियार के बारे में सख्ती से पूछताछ की तो दिलखुश ने बताया कि यह एक नकली पिस्टल है। उसने यह भी कबूल किया कि वह इस हथियार का इस्तेमाल लोगों को डराने-धमकाने और गांव में अपनी धाक जमाने के लिए करता था। जब उससे हथियार के लाइसेंस के बारे में पूछा गया तो उसने बताया कि उसके पास ऐसा कोई लाइसेंस नहीं है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
थानाध्यक्ष ने बताया कि इस तरह के हथियार रखकर लोगों में डर और दहशत फैलाना एक संज्ञेय अपराध है। गिरफ्तार युवक के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।








