
Benipur News: जब सरकारी योजनाओं की नींव में भ्रष्टाचार का दीमक लग जाए, तो विकास की इमारत कैसे बुलंद होगी? बेनीपुर में कुछ ऐसा ही मामला सामने आया है, जहां नाला उड़ाही के नाम पर कथित धांधली की शिकायत पर आला अधिकारी खुद जमीन पर उतर आए और पूरे महकमे में हड़कंप मच गया।
मामला बेनीपुर प्रखंड के महिनाम पंचायत का है, जहां मेनरोड उत्तरवाड़ी भिंडा से बालेश्वर चौक तक मनरेगा के तहत हुए नाला उड़ाही कार्य में गंभीर अनियमितता का आरोप लगा है। इस मुद्दे को स्थानीय निवासी ने हल्के में नहीं लिया और सीधे सीपीग्राम पोर्टल पर अपनी शिकायत दर्ज करा दी। यह पोर्टल सीधे केंद्र सरकार की निगरानी में रहता है, जिसके कारण शिकायत पर त्वरित कार्रवाई हुई। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। शिकायत की गंभीरता को देखते हुए सोमवार को दरभंगा के उप विकास आयुक्त (डीडीसी) स्वप्निल खुद मामले की जांच करने महिनाम पंचायत पहुंच गए।
Benipur News: मौके पर जांच और अधिकारियों को लगी फटकार
डीडीसी स्वप्निल के औचक निरीक्षण की खबर से संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के हाथ-पांव फूल गए। डीडीसी ने सबसे पहले उस स्थल का गहन निरीक्षण किया, जहां नाला उड़ाही का कार्य हुआ था। उन्होंने कार्य की गुणवत्ता, प्रयुक्त सामग्री और सरकारी दिशानिर्देशों के पालन की बारीकी से जांच की। जांच के दौरान उन्होंने न केवल मौके पर मौजूद अधिकारियों से पूछताछ की, बल्कि शिकायतकर्ता राजन कुमार झा और अन्य स्थानीय निवासियों से भी बात कर उनका पक्ष जाना। सूत्रों के अनुसार, जांच में मिली खामियों को लेकर डीडीसी काफी नाराज दिखे और उन्होंने मौके पर ही पीओ और पीआरएस को जमकर फटकार लगाई। इस दौरान पीओ गौरव, एई इंदु भूषण और पीआरएस अश्वनी कुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। स्थानीय लोगों ने भी नाला निर्माण की प्रक्रिया पर कई सवाल उठाए।
इस औचक कार्रवाई से यह साफ़ हो गया है कि सरकारी योजनाओं में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अब देखना यह होगा कि इस जांच के बाद किन अधिकारियों पर गाज गिरती है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
जांच के बाद अब कार्रवाई का इंतजार
जब इस संबंध में डीडीसी स्वप्निल से बात की गई तो उन्होंने बताया कि वे क्षेत्र भ्रमण पर निकले थे और इसी क्रम में उन्होंने योजना का निरीक्षण किया। हालांकि, उनके सख्त रवैये से यह स्पष्ट है कि यह महज एक सामान्य दौरा नहीं था। सीपीग्राम पोर्टल पर की गई शिकायत ने मामले को उच्च स्तरीय बना दिया है, और अब इस पर रिपोर्ट सीधे वरीय अधिकारियों को भेजी जाएगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस पूरी घटना के बाद से प्रखंड के अन्य अधिकारियों में भी खलबली का माहौल है। लोगों को उम्मीद है कि इस जांच से भ्रष्टाचार पर लगाम लगेगी और सरकारी योजनाओं का लाभ सही तरीके से आम जनता तक पहुंचेगा।






