
Madhubani News: रसोई गैस की किल्लत और लंबी कतारों की कहानी अब पुरानी होने वाली है! मधुबनी जिला प्रशासन ने उपभोक्ताओं की समस्याओं पर ऐसा चाबुक चलाया है कि अब गैस एजेंसियों की मनमानी नहीं चलेगी। जिले में एलपीजी गैस उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद हो गया है और कई माध्यमों से मिल रही शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है।
जिला प्रशासन द्वारा गूगल लिंक, फेसबुक, ट्विटर जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और जिला नियंत्रण कक्ष के फोन नंबर के जरिए प्राप्त हो रही शिकायतों का तेजी से निपटारा किया जा रहा है। मधुबनी में गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और जमाखोरी करने वालों पर नकेल कसने के लिए विशेष टीम का गठन किया गया है, जो चप्पे-चप्पे पर अपनी नजर बनाए हुए है।
Madhubani News: आंकड़ों में समझिए गैस सप्लाई का पूरा गणित
जिले में इंडियन ऑयल, हिंदुस्तान पेट्रोलियम और भारत पेट्रोलियम जैसी विभिन्न कंपनियों की कुल 103 एलपीजी गैस एजेंसियां कार्यरत हैं, जो लगभग 9 लाख 61 हजार उपभोक्ताओं को सेवा प्रदान करती हैं। आंकड़ों पर नजर डालें तो स्थिति काफी स्पष्ट हो जाती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
- कुल बुकिंग (1 से 17 मार्च): 2,42,439
- कुल डिलीवरी (1 से 17 मार्च): 1,90,625
- प्रतीक्षारत उपभोक्ता: 54,906
- एजेंसियों के पास उपलब्ध स्टॉक: 46,469
- होम डिलीवरी सुविधा: 33 एजेंसियों द्वारा शुरू
जिले में प्रतिदिन औसतन 13,590 सिलेंडर की बिक्री होती है, जबकि लगभग 13,415 सिलेंडर की आपूर्ति होती है। प्रशासन का लक्ष्य इस अंतर को जल्द से जल्द खत्म करना है ताकि उपभोक्ताओं को समय पर एलपीजी सिलेंडर मिल सके।
शिकायतों के लिए प्रशासन ने खोला मोर्चा
उपभोक्ताओं को किसी भी तरह की समस्या होने पर वे सीधे अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इसके लिए जिला नियंत्रण कक्ष का फोन नंबर 06276-222576 जारी किया गया है। इसके अलावा, जिला प्रशासन के आधिकारिक फेसबुक पेज और गूगल लिंक पर भी सुझाव या समस्याएं बताई जा सकती हैं। प्रशासन का दावा है कि इन सभी माध्यमों पर प्राप्त शिकायतों का तुरंत समाधान किया जा रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को भी एक विशेष लिंक के माध्यम से अपनी जरूरत बताने का निर्देश दिया गया है ताकि उन्हें प्राथमिकता के आधार पर कमर्शियल सिलेंडर उपलब्ध कराया जा सके। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/
एजेंसियों पर नकेल, उपभोक्ताओं को मिली राहत
सभी गैस एजेंसियों पर उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था की गई है। साथ ही, महिलाओं, दिव्यांगों और बुजुर्गों के लिए अलग से विशेष लाइन की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है ताकि उन्हें किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। जल्द ही जिले की अन्य एजेंसियों द्वारा भी होम डिलीवरी की प्रक्रिया बहाल की जाएगी, जिससे लोगों को घर बैठे ही सिलेंडर मिल जाएगा।
बुकिंग के नए नियम, जानें क्या है खास
गैस बुकिंग को लेकर भी नए नियम लागू किए गए हैं ताकि सभी को समान रूप से सिलेंडर मिल सके। इन नियमों का पालन करना सभी उपभोक्ताओं के लिए अनिवार्य है।
- शहरी क्षेत्र: उपभोक्ता 25 दिन के बाद ही अगला सिलेंडर बुक कर सकते हैं।
- ग्रामीण क्षेत्र: उपभोक्ताओं के लिए यह अवधि 45 दिन निर्धारित की गई है।
- वार्षिक सीमा: सभी उपभोक्ता एक साल में केवल 12 सिलेंडर ही बुक कर सकते हैं।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान में सर्वर से संबंधित कोई समस्या नहीं है, इसलिए उपभोक्ता निर्धारित समय पर ही बुकिंग का प्रयास करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इन कदमों से उम्मीद है कि जिले में गैस आपूर्ति की व्यवस्था और सुगम होगी।




