
Heatwave: मधुबनी में भीषण गर्मी और संभावित सूखे की चुनौती से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह कमर कस चुका है। अपर समाहर्ता (आपदा) की अध्यक्षता में हुई महत्वपूर्ण बैठक में सभी विभागों को सख्त निर्देश जारी किए गए हैं, ताकि आमजन को लू के प्रकोप से बचाया जा सके और आवश्यक सेवाएं सुचारु रहें। यह बैठक मधुबनी की जनता के लिए राहत भरी खबर है।मंगलवार को डीआरडीए सभागार में अपर समाहर्ता (आपदा) संतोष कुमार की अध्यक्षता में एक समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई, जिसका मुख्य उद्देश्य संभावित भीषण गर्मी, लू और सुखाड़ की स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटना था।
इस दौरान विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों को आमजन के स्वास्थ्य, पेयजल, पशुधन एवं अन्य आवश्यक सेवाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए गए।
Heatwave से बचाव के लिए प्रशासन के निर्देश
- नगर निकाय: सभी सार्वजनिक स्थलों पर पियाऊ की व्यवस्था करें और खराब चापाकलों की तत्काल मरम्मत कराएं।
- स्वास्थ्य विभाग: सभी अस्पतालों में लू से प्रभावित मरीजों के इलाज के लिए विशेष व्यवस्था की जाए। ओआरएस, आईवी फ्लूड और जीवन रक्षक दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। आवश्यकता पड़ने पर चलंत चिकित्सा दल भी तैनात किया जाए।
- लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग: खराब चापाकलों की शीघ्र मरम्मत की जाए। जिन क्षेत्रों में नल-जल की सुविधा नहीं है, वहां टैंकरों के माध्यम से पेयजल व्यवस्था उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
- शिक्षा विभाग: भीषण गर्मी को देखते हुए विद्यालयों का संचालन सुबह की पाली में किया जाए। सभी स्कूलों और परीक्षा केंद्रों में पेयजल व्यवस्था और ओआरएस की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
- समाज कल्याण विभाग: सभी आंगनवाड़ी केंद्रों पर पानी की उचित व्यवस्था हो और लू से बचाव संबंधी जागरूकता सामग्री प्रदर्शित की जाए।
- पशु संसाधन विभाग: पशु-पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था की जाए और बीमार पशुओं के लिए चिकित्सा दल तैयार रखे जाएं।
- ग्रामीण विकास विभाग: मनरेगा के अंतर्गत जल संरचनाओं की खुदाई में तेजी लाई जाए। कार्यस्थलों पर पेयजल और प्राथमिक उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
इसके अतिरिक्त, परिवहन, श्रम संसाधन, पंचायती राज, ऊर्जा, पर्यावरण और अन्य संबंधित विभागों को भी Heatwave से बचाव के लिए आवश्यक एहतियाती कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। अग्निशमन विभाग को विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है, क्योंकि भीषण गर्मी में आग लगने की घटनाओं की संभावना बढ़ जाती है। विभाग को मानक संचालन प्रक्रिया के अनुसार त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है ताकि जन-धन की क्षति को न्यूनतम किया जा सके।
जागरूकता और आवश्यक सेवाओं की उपलब्धता
बैठक में सभी विभागों को यह भी निर्देशित किया गया कि आमजनों को लू से बचाव के उपायों के बारे में व्यापक रूप से जागरूक किया जाए। जागरूकता अभियान चलाकर संभावित जोखिमों को कम किया जा सकता है। इसमें धूप में सीधे निकलने से बचना, पर्याप्त पानी पीना, हल्के कपड़े पहनना और ओआरएस का उपयोग करना जैसे महत्वपूर्ण सुझाव शामिल होंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। यह सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है कि हर नागरिक सुरक्षित रहे। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/समीक्षा बैठक में अपर समाहर्ता मुकेश रंजन, अपर समाहर्ता राजेश कुमार, नगर आयुक्त उमेश भारती, पंचायत राज पदाधिकारी राकेश कुमार झा, सहायक आपदा पदाधिकारी रजनीश कुमार, डीपीओ नमामि गंगे आनंद अंकित, डीपीओ आईसीडीएस ललिता कुमारी, नगर निकायों के कार्यपालक पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के कई पदाधिकारी उपस्थित थे। प्रशासन पूरी तरह से मधुबनी को इस चुनौती से बचाने के लिए संकल्पबद्ध है।







