
दलित महिला की फसल जली: बिहार के भागलपुर से एक ऐसा मामला सामने आया है, जो न सिर्फ इंसानियत पर सवाल खड़े करता है, बल्कि प्रशासन की सक्रियता पर भी। यहां दबंगों ने एक महादलित महिला जनप्रतिनिधि की तैयार गेहूं की फसल को जलाकर राख कर दिया, जिससे लाखों का नुकसान हुआ है।
भागलपुर जिले के मधुसुदनपुर थाना क्षेत्र के किशनपुर गांव में दबंगों द्वारा एक महादलित महिला किसान की तैयार गेहूं की फसल में आग लगाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। इस घटना में करीब दो बीघा से अधिक जमीन पर लगी फसल जलकर पूरी तरह राख हो गई, जिससे पीड़ित परिवार को लगभग एक लाख रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है। यह दलित महिला की फसल जली है, जिसने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। पीड़ित सुमन कुमारी, जो गौराचौकी पंचायत की वर्तमान पंचायत समिति सदस्या हैं, ने बताया कि उन्होंने मेहनत से गेहूं की फसल तैयार कर बहियार में काटकर इकट्ठा किया था। बीती शाम वह फसल की देखरेख के बाद घर लौटी थीं, लेकिन सुबह उन्हें सूचना मिली कि पूरी फसल को किसी ने आग के हवाले कर दिया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
लाखों का नुकसान, खाने का संकट: क्यों दलित महिला की फसल जली?
घटना के बाद पीड़िता और उनके परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। सुमन कुमारी ने कहा कि इस घटना के बाद उनके सामने खाने तक का संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने भावुक होकर कहा, “हमारी सारी मेहनत जल गई, अब हम क्या खाएंगे?” यह भागलपुर फसल जलाने की घटना केवल आर्थिक नुकसान नहीं, बल्कि एक परिवार के जीवनयापन पर सीधा हमला है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
पुरानी रंजिश और जमीन विवाद: दबंगों पर गंभीर आरोप
पीड़िता के पति फंटूश यादव के अनुसार, इस घटना के पीछे पुरानी रंजिश है। उन्होंने बताया कि करीब 15 साल पहले हुए अंतरजातीय विवाह को लेकर गांव के ही कुछ दबंग, जिनमें सिकंदर यादव और बिट्टू यादव शामिल हैं, लगातार विरोध करते रहे हैं। इसके अलावा जमीनी विवाद भी चल रहा है, जिसके कारण रंजिशवश इस घटना को अंजाम दिया गया। परिजनों ने मधुसुदनपुर थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराने की तैयारी की है और वरीय पुलिस अधिकारियों को भी मामले की जानकारी देने की बात कही है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
वहीं, स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है। फिलहाल पुलिस की कार्रवाई का इंतजार है, लेकिन इस भागलपुर फसल जलाने की घटना ने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।






