
Fake WhatsApp Account: बिहार के मुजफ्फरपुर में साइबर अपराधियों ने अब सीधे जिलाधिकारी को ही अपना निशाना बना लिया है। डीएम सुब्रत कुमार सेन के नाम और फोटो का इस्तेमाल कर एक फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट बनाया गया है, जिसके बाद प्रशासन ने आम जनता के लिए विशेष चेतावनी जारी की है। इस घटना से साइबर सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं, और प्रशासन लोगों से सतर्क रहने की अपील कर रहा है।
फर्जी अकाउंट पर वियतनाम का लोकेशन
मुजफ्फरपुर प्रशासन द्वारा जारी एडवाइजरी के अनुसार, साइबर ठगों ने जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन के नाम और तस्वीर का इस्तेमाल कर एक नकली व्हाट्सएप अकाउंट बनाया है। चौंकाने वाली बात यह है कि इस फर्जी अकाउंट में लोकेशन के तौर पर वियतनाम दर्शाया गया है। जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने स्पष्ट किया है कि इस अकाउंट का उनसे कोई संबंध नहीं है और उन्होंने इस मामले की सूचना पुलिस और साइबर सेल को दे दी है ताकि इस पर कानूनी कार्रवाई की जा सके। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। उन्होंने निवासियों से ऐसे संदिग्ध खातों से सावधान रहने की अपील की है।
Fake WhatsApp Account से सावधान रहने की अपील
डीएम सुब्रत कुमार सेन ने आम जनता से अपील की है कि वे सरकारी अधिकारियों के नाम पर आने वाले किसी भी संदिग्ध सोशल मीडिया अकाउंट या मैसेज पर भरोसा न करें। उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को इस Fake WhatsApp Account या किसी अन्य संदिग्ध प्रोफाइल से कोई मैसेज मिलता है, तो उन्हें तुरंत उसका स्क्रीनशॉट लेना चाहिए और अपने स्थानीय पुलिस स्टेशन, साइबर सेल या राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर इसकी सूचना देनी चाहिए। लोगों को यह भी सलाह दी गई है कि वे ऐसे खातों को सीधे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर रिपोर्ट करें ताकि उन्हें जल्द से जल्द ब्लॉक या हटाया जा सके।
साइबर धोखाधड़ी से बचने के उपाय
जिलाधिकारी ने चेतावनी दी है कि साइबर अपराधी अक्सर सरकारी अधिकारियों या प्रतिष्ठित व्यक्तियों का प्रतिरूपण कर लोगों को गुमराह करते हैं, ताकि वे लोगों को गुमराह कर पैसे, बैंकिंग डिटेल्स या ओटीपी जैसी संवेदनशील जानकारी हासिल कर सकें। प्रशासन ने ऐसी साइबर धोखाधड़ी से बचने के लिए सतर्क रहने की सलाह दी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि कोई भी प्रशासनिक अधिकारी सोशल मीडिया या मैसेजिंग एप्लिकेशन के माध्यम से पैसे या गोपनीय जानकारी नहीं मांगता है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। जिला जनसंपर्क अधिकारी प्रमोद कुमार ने बताया कि डीएम के नाम पर फर्जी अकाउंट संचालित होने की जानकारी मिलने के बाद प्रशासन ने यह अलर्ट जारी किया है।
प्रशासन ने निवासियों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध संचार पर प्रतिक्रिया देने से पहले उसकी प्रामाणिकता की पुष्टि करें। इस तरह की साइबर धोखाधड़ी से निपटने के लिए, लोगों को सलाह दी गई है कि वे अज्ञात व्यक्तियों के साथ ऑनलाइन ओटीपी, बैंक खाता विवरण, एटीएम पिन, पासवर्ड या व्यक्तिगत दस्तावेज साझा न करें। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें







