Raid In Bihar: बिहार में एक और ‘दवा घोटाला’ सामने आया है! गया में ड्रग विभाग ने एक बड़ी छापेमारी को अंजाम दिया है, जिसमें पूर्व सांसद के मकान से 50 लाख रुपये मूल्य की प्रतिबंधित और नकली दवाएं मिली हैं। इस मामले में एक महिला सहित दो लोगों को हिरासत में लिया गया है और नकली दवाओं के कारोबार से जुड़े एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश होने की उम्मीद है।
गया शहर के पीपरपाती मोहल्ले में सोमवार सुबह हुई इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया है। पुलिस और ड्रग विभाग की संयुक्त टीम ने पूर्व सांसद के मकान में रह रहे किराएदार के कमरे में यह Raid In Bihar की। छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में प्रतिबंधित और संदिग्ध दवाएं बरामद की गईं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 50 लाख रुपये बताई जा रही है। शुरुआती जांच में पता चला है कि यह Fake Medicines का अवैध कारोबार लंबे समय से चल रहा था।
गुप्त सूचना के आधार पर हुई इस कार्रवाई में नकली दवा कारोबार से जुड़े विकास कुमार और एक महिला को हिरासत में लिया गया है। पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है ताकि इस नेटवर्क की जड़ों तक पहुंचा जा सके। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
गया में Raid In Bihar: छापेमारी में क्या-क्या मिला?
पुलिस के अनुसार, कोतवाली थाना इलाके के न्यू एरिया पीपरपांती मोहल्ले में यह Raid In Bihar पूर्व सांसद रंजीत उर्फ रन सिंह के आवास स्थित मत्स्य विभाग के कार्यालय आवासन स्थल में की गई। छापेमारी के दौरान न सिर्फ भारी मात्रा में नकली और नशीली दवाएं मिली हैं, बल्कि दवा बनाने में इस्तेमाल होने वाला कच्चा माल भी बरामद हुआ है। टीम को दवा पैकिंग में इस्तेमाल होने वाले उपकरण और कई संदिग्ध सामग्री भी मिली है, जिससे यह साफ होता है कि यहां बड़े पैमाने पर अवैध दवा निर्माण और पैकेजिंग का काम चल रहा था।
क्या है पूरा मामला?
सूत्रों की मानें तो जिस भवन में यह छापेमारी हुई, उसके निचले हिस्से में पशुपालन और मत्स्य विभाग का कार्यालय संचालित होता है, जबकि ऊपरी हिस्से के एक ताला बंद कमरे में यह अवैध कारोबार धड़ल्ले से चल रहा था। पुलिस और ड्रग इंस्पेक्टर की टीम ने पूरे मकान की गहन जांच की है। बरामद दवाओं की गुणवत्ता और उनकी उत्पत्ति की जांच की जा रही है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि ये नकली दवाएं कहां से आती थीं और इनका वितरण नेटवर्क कहां-कहां तक फैला हुआ था।
इस कार्रवाई से इलाके में सनसनी फैल गई है और स्थानीय लोग भी हैरान हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। इस तरह की Fake Medicines का व्यापार लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है और प्रशासन इस पर सख्त कार्रवाई के मूड में है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
आगे की जांच और कार्रवाई
फिलहाल मामले की जांच जारी है और कई थानों की पुलिस के साथ ड्रग विभाग की टीम भी मौके पर डटी हुई है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद नकली और नशीली दवाओं के नेटवर्क से जुड़े कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। इस मामले में संलिप्त अन्य व्यक्तियों की गिरफ्तारी की संभावना भी बनी हुई है।







