
Darbhanga News: दरभंगा जिले के जाले प्रखंड क्षेत्र में सरकारी विद्यालयों में संचालित हो रहे समर कैंप के माध्यम से कमजोर बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने पर विशेष बल दिया जा रहा है। हाल ही में प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (बीईओ) प्रमोद कुमार ठाकुर ने इन कैंपों का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने शिक्षा के स्तर को बेहतर बनाने और बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण निर्देश दिए।
कमजोर बच्चों के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर जोर
प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रमोद कुमार ठाकुर ने शुक्रवार को विभिन्न सरकारी विद्यालयों में चल रहे समर कैंप का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने बच्चों की उपस्थिति, पठन-पाठन की व्यवस्था और अन्य शिक्षण गतिविधियों का बारीकी से निरीक्षण किया। बीईओ ने बताया कि समर कैंप का मुख्य उद्देश्य उन बच्चों को सशक्त बनाना है जो पढ़ाई में कमजोर हैं, ताकि उन्हें भी मुख्यधारा में लाया जा सके।




टोला सेवक और शिक्षा सेवकों की भूमिका
श्री ठाकुर ने जानकारी दी कि इन समर कैंपों का संचालन टोला सेवक और शिक्षा सेवकों के माध्यम से किया जा रहा है। ये सेवक बच्चों तक शिक्षा पहुंचाने और उन्हें कक्षाओं से जोड़े रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। बीईओ ने जोर देकर कहा कि शिक्षा व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने की आवश्यकता है, जिससे हर बच्चे को सीखने का बेहतर अवसर मिल सके।
प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रमोद कुमार ठाकुर ने कहा, “समर कैंप के जरिए कमजोर बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दी जा रही है। हमारा प्रयास है कि शिक्षा व्यवस्था को और प्रभावी बनाया जाए तथा बच्चों की नियमित भागीदारी सुनिश्चित की जाए।”
प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने सभी संबंधित कर्मियों को निर्देश दिया कि वे बच्चों की पढ़ाई में रुचि जगाने और उन्हें स्कूल आने के लिए प्रेरित करें। इस पहल से उम्मीद है कि जाले प्रखंड में शिक्षा का स्तर सुधरेगा और अधिक बच्चे बेहतर भविष्य की ओर अग्रसर होंगे।






