Nalanda Murder Case: छह साल से पुलिस को चकमा दे रहे एक हत्या के आरोपित को बिहार एसटीएफ ने आखिरकार गिरफ्तार कर लिया है। नालंदा जिले के एक चर्चित हत्याकांड में वांछित धनंजय प्रसाद को पटना के धनरुआ थाना क्षेत्र स्थित उसके घर से विशेष टीम ने हाल ही में धर दबोचा। यह गिरफ्तारी पीड़ित परिवार के लिए न्याय की उम्मीद लेकर आई है, जो लंबे समय से आरोपित को पकड़े जाने का इंतजार कर रहा था।
एसटीएफ की छापेमारी में बरामद हुए हथियार
आरोपित धनंजय प्रसाद की गिरफ्तारी के तुरंत बाद, बिहार एसटीएफ की टीम ने उसके घर की तलाशी ली। इस तलाशी अभियान के दौरान उसके पास से दो अवैध देसी कट्टे और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। पुलिस इन हथियारों की बरामदगी को लेकर भी आर्म्स एक्ट के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
चिकसौहरा थाना में दर्ज था हत्या का मामला
धनंजय प्रसाद पटना जिले के धनरुआ थाना क्षेत्र के ओलिपुर गांव का मूल निवासी है। वह नालंदा जिले के चिकसौहरा थाना कांड संख्या 120/19 में हत्या और हत्या की साजिश रचने के आरोप में वांछित था। इस मामले में 20 जून 2020 को भारतीय दंड विधान की धारा 302 (हत्या), 120(बी) (आपराधिक साजिश), 34 (सामान्य इरादा) और आर्म्स एक्ट की धारा 27 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
बिहार एसटीएफ द्वारा धनंजय प्रसाद की गिरफ्तारी के बाद उससे गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस इस हत्याकांड के अन्य पहलुओं और धनंजय के छह साल के फरारी के दौरान की गतिविधियों की जानकारी जुटा रही है। मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया भी तेजी से जारी है, जिससे पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द न्याय मिल सके।







