

आकिल हुसैन मधुबनी देशज टाइम्स ब्यूरो। स्थानीय टाऊन क्लब मैदान में बिहार राज्य प्रारंभिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष संजीव कुमार कामत की अध्यक्षता में शिक्षक संघर्ष दिवस समारोह मनाया गया। इसमें जिले के करीब सात हजार शिक्षक-शिक्षिकाओं ने भाग लिया। समारोह का उद्घाटन संघ के प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप कुमार पप्पू ने किया। इस अवसर पर पप्पू ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में केंद्र व राज्य सरकार ने समान काम-समान वेतन के विरोध में अनेक बाधाएं उत्पन्न की लेकिन बिहार राज्य प्रारंभिक शिक्षक संघ ने सरकार की

हर एक चाल को नाकाम कर दिया। संघ ने देश के वरिष्ठ अधिवक्ता कापिल सिब्बल के माध्यम से बिहार के चार लाख नियोजित शिक्षकों के पक्ष को मजबूती से रखा है। इसमें शिक्षकों की जीत सुनिष्चित है। उन्होंने शिक्षकों के आधिकार व सम्मान के लिए सदैव संघर्ष करते रहने का संकल्प दिलाया। वहीं समारोह के विषिष्ट अतिथि बिहार संस्कृत शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. भारती मेहता ने कहा कि हमारे समाज में शिक्षक का स्थान सबसे ऊंचा है।

उन्होंने शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षकों को अपने पेशे के प्रति प्रतिबद्ध होना चाहिए व छात्रों में आधुनिक प्रौद्योगिकी व विज्ञानिक क्षमता के साथ-साथ देश की एकता व अखंडता की भावना का विकास और सामाजिक मूल्यों की जमीन तैयार करनी चाहिए। अस अवसर पर मौजूद जिला शिक्षा पदाधिकारी राम कुमार व डीपीओ राजेष कुमार सिंह ने कहा कि विभाग शिक्षकों के सभी तरह की समस्याओं के समाधान के लिए प्रयासरत है। इसमें संघ व शिक्षकों का सहयोग भी अपेक्षित है। संघ के राज्य उपाध्यक्ष विपिन प्रसाद व शंभु यादव ने सरकार की शिक्षा व शिक्षक विरोधी नीति की जमकर आलोचना की उन्होंने कहा कि शिक्षकों की ओर से समान काम समान वेतन की मांग की जाने पर सरकार ने शिक्षकों को तरह तरह से प्रताड़ित किया है। कई बार शिक्षकों पर लाठियां चलाई गई। दर्जनों मुकदमें दर्ज किए गए अंत में समान काम समान वेतन मामले में शिक्षकों से हारने के बाद सरकार सुप्रीम कोर्ट चली गई।
आम जनता के करोड़ों रूप्यों को कोर्ट के बहाने पानी की तरह बहाया गया जिस प्रकार डीपीई मामले में संघ ने सुप्रीम कोर्ट में सरकार को परास्त किया उसी प्रकार समान काम समान वेतन के मामले में भी सरकार को पराजित होना पड़ेगा। कार्यक्रम को ललित नारायण मिथिला विश्व विधालय के कुलसचिव अजीत कुमार सिंह,जिला परिषद अध्यक्ष शीला मंडल, एडीएम दुर्गानंद झा,सुरेंद्र प्रसाद यादव, रंजन चौधरी, पांडव यादव, राकेश कुमार चौधरी, सुरेश यादव, बलराम यादव, प्रेमचंद्र प्रसाद, ललित नारायण ललन,रजनीश गांधी,ललन ठाकुर,प्रभाष चौधरी,डॉ. सीमा कुमारी यादव, पिंकी कुमारी,बबीता कुमारी,अनिता कुमारी, मनीष कर्ण,प्रणव शंकर, दिलीप कुमार अमर, सुनील कुमार पासवान, अमरेश यादव, धिरेंद्र कुमार,राज किशोर यादव, मकसूद आलम, देव नारायण यादव,जीमल अहमद, शमसुल हक, मुजीबुर्रहमान, विजय शंकर चौधरी सहित सैकड़ों शिक्षक प्रतिनिधियों ने संबोधित किया। कार्यक्रम का मंच संचालन संघ के प्रधान सचिव अवधेश कुमार झा ने किया।


You must be logged in to post a comment.