
पटना से इस वक्त की बड़ी खबर है जहां सरकार की कैबिनेट बैठक अभी अभी खत्म हो गई है। बैठक में कुल सात एजेंडों पर कैबिनेट ने मुहर लगाई है। बैठक का नेतृत्व खुद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कर रहे थे।
जानकारी के अनुसार, बैठक आज सुबह 11 बजकर 30 मिनट पर मुख्य सचिवालय के कैबिनेट हॉल में शुरू हुई।यह साल 2022 की आखिरी कैबिनेट की बैठक थी। इसमें सात महत्वपूर्व एजेंडों पर मुहर लगी है। ऐसा माना जा रहा था कि इस बैठक में रोजगार और सरकारी नौकरी में पद सृजन को लेकर बड़ा फैसला लिया जा सकता है, क्योंकि पिछली कई कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री ने अलग-अलग सरकारी विभागों में नौकरी के नए पदों का सृजन किया है। पढ़िए क्या है बैठक में खास
मुख्य सचिवालय में नीतीश कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक खत्म हो गई है। कैबिनेट की बैठक में कुल सात एजेंटों पर मुहर लगाई गई है। नीतीश सरकार ने सबसे पहला फैसला सरकार के लिए नए हेलीकॉप्टर और एक जेट इंजन वाले प्लेन की खरीद पर मुहर लगाने से जुड़ा लिया है।
कैबिनेट में कुल सात प्रस्तावों पर मुहर लगी है। बिहार में एक हेलीकाप्टर एवं जेट इंजन विमान की खरीदारी की जाएगी। इसके लिए उच्च स्तरीय विशेष क्रय समिति का गठन किया गया है। मेसर्स जयदयाल हाइटेक्स प्राइवेट लिमिटेड चिपली दुर्गावती को बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नियमावली के आलोक में वित्तीय प्रोत्साहन क्लीयरेंस दिया गया है।
जानकारी के अनुसार, सरकार इसी वित्तीय वर्ष में एक हेलीकॉप्टर और एक विमान की खरीद करेगी। इसके लिए एक हाई लेवल कमेटी का गठन किया गया है। सरकार ने एक और महत्वपूर्ण फैसले में शिक्षा विभाग के अंतर्गत कई नए पदों के सृजन और उस पर नियुक्ति को लेकर स्वीकृति प्रदान की है।
शिक्षा विभाग के क्षेत्रीय कार्यालयों में 1674 लिपिक के पद में से 670 पदों को उच्च वर्गीय लिपिक के लिए 462 पद और प्रधान लिपिक के लिए 161 पद के साथ-साथ कार्यालय अधीक्षक के लिए 47 पदों के सृजन को मंजूरी दी है।
शिक्षा विभाग के प्रस्ताव में कहा गया है कि क्षेत्रीय कार्यालयों में कार्यरत लिपिकों के संवर्ग संरचना के अनुरूप पूर्व में स्वीकृत पदों में से 670 पदों को परिवर्तित किया जा रहा है। इसमें उच्च वर्गीय लिपिक, प्रधान लिपिक एवं कार्यालय अधीक्षक का पद चिन्हित किया गया है।
अब शिक्षा विभाग के कार्यालय में कार्यरत लिपिकों को प्रमोशन के अवसर मिलेंगे। नीतीश कैबिनेट ने भवन निर्माण विभाग तथा राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र के बीच समझौता पत्र पर स्वीकृति दी है। भवन निर्माण विभाग के मुख्य वास्तुविद अनिल कुमार को संविदा के आधार पर 1 वर्ष के लिए नियोजन की स्वीकृति दी गई है।
इसके अलावे, नालंदा में भी एक इंडस्ट्री लगाने के लिए वित्तीय प्रोत्साहन क्लीयरेंस दिया गया है। मुजफ्फरपुर में भारत ऊर्जा डिस्टलरीज लिमिटेड को वित्तीय क्लीयरेंस की स्वीकृति दी गई है। शिक्षा विभाग में 1674 लिपिक के पद में 670 पदों को समपरिवर्तित करते हुए शेष उच्च वर्गीय लिपिक के लिए 462 पद, प्रधान लिपिक के लिए 161 पद एवं कार्यालय अधीक्षक के लिए 45 पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई है।
पिछली कैबिनेट की बैठक के फैसले
नीतीश कैबिनेट की पिछली बैठक 20 दिसंबर को हुई थी। जिसमें कुल 13 प्रस्तावों पर मुहर लगी थी। सबसे महत्वपूर्ण डायल 112 के प्रथम चरण के लिए पुलिस संवर्ग एवं गैर पुलिस संवर्ग के कुल 7808 पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई थी। प्रति एक लाख की आबादी को पुलिस की संख्या बढ़ाने को लेकर फैसला लिया गया था। बढ़ती जनसंख्या के मद्देनजर सीधी नियुक्ति के 48447 पद एवं द्वितीय चरण के 19288 पद समेत कुल 67735 पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई थी।
साथ ही वित्तीय वर्ष 2022-23 के प्रभाव से सामान्य भविष्य निधि अंशदान पर एक वित्तीय वर्ष में 5 लाख की ऊपरी सीमा निर्धारित करने के लिए नियमावली में संशोधन किया गया था। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम में हकदार व्यक्तियों को खाद्यान्न की आपूर्ति न होने पर खाद्य सुरक्षा भत्ता भुगतान करने को स्वीकृति मिली थी। औरंगाबाद के चिकित्सा पदाधिकारी डॉ अजय कुमार सुमन को लगातार अनुपस्थित रहने के आरोप में सेवा से बर्खास्त किया गया था।






