भागलपुर न्यूज़: शहर की साँसें अब आसान होने वाली हैं! लंबे समय से जाम और अतिक्रमण से जूझ रहे भागलपुर के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। एक ऐसा महाअभियान शुरू हुआ है, जिसने पहले ही दिन सख्ती का ट्रेलर दिखा दिया है, और यह शहर को स्थायी राहत दिलाने का वादा कर रहा है।
शहर को जाममुक्त बनाने की कवायद
भागलपुर शहर को जाम और अतिक्रमण से मुक्त कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह से एक्शन मोड में आ गया है। शहरी क्षेत्रों में एक व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। इसके साथ ही, दुकानदारों, फुटपाथ विक्रेताओं और वाहन चालकों से स्वयं अतिक्रमण हटाने की लगातार अपील की जा रही है। प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि समय रहते अतिक्रमण नहीं हटाया गया, तो न केवल संबंधित सामान जब्त कर लिए जाएँगे, बल्कि भारी जुर्माना भी वसूला जाएगा।
चिह्नित किए गए 15 प्रमुख मार्ग
जिला प्रशासन ने शहर के ऐसे 15 प्रमुख मार्गों की पहचान की है, जहाँ आए दिन जाम की गंभीर समस्या बनी रहती है। इन मार्गों को अतिक्रमण-मुक्त करने के लिए एक विस्तृत रोस्टर भी तैयार किया गया है। इसी योजना के तहत, मंगलवार से एक संयुक्त टीम द्वारा चरणबद्ध अभियान की शुरुआत कर दी गई है।
पहले दिन की कार्रवाई और वसूला गया जुर्माना
अभियान के पहले चरण में तिलकामांझी थाना क्षेत्र में यातायात डीएसपी संजय कुमार, सिटी मैनेजर असगर अली, अतिक्रमण शाखा प्रभारी जयप्रकाश यादव और स्थानीय थाना पुलिस के अतिरिक्त बल ने संयुक्त रूप से अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया। ट्रैफिक डीएसपी संजय कुमार ने बताया कि चिह्नित मार्गों पर रोटेशन के आधार पर नियमित कार्रवाई जारी रहेगी। पहले दिन के इस अभियान में नगर निगम, ट्रैफिक पुलिस और जिला प्रशासन की टीम ने मिलकर लगभग 50 हजार रुपये का जुर्माना वसूला। इसके अतिरिक्त, सड़क पर जहाँ-तहाँ वाहन खड़े करने वाले चालकों के चालान भी काटे गए। नगर निगम ने तिलकामांझी चौक सहित विभिन्न स्थानों पर माइकिंग कर दुकानदारों को तुरंत सड़क पर किए गए अतिक्रमण को हटाने की सख्त हिदायत दी।
दोबारा अतिक्रमण पर भारी जुर्माना और आगामी योजना
नगर प्रबंधक असगर अली ने स्पष्ट किया कि यदि अतिक्रमण हटाए जाने के बाद दोबारा वही स्थिति पाई जाती है, तो संबंधित लोगों पर कहीं अधिक भारी जुर्माना लगाया जाएगा। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि जल्द ही भागलपुर स्टेशन से तातारपुर चौक तक एक विशेष अभियान चलाया जाएगा। इस बार प्रशासन की निगरानी में तातारपुर की मशहूर बिस्किट वाली गली भी है, जहाँ पीसीसी सड़क पर दुकानदारों ने अवैध कब्जा जमा रखा है। सिटी मैनेजर ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि सड़क पर निर्धारित सीमा से बाहर बढ़ाए गए शेड, देहली, रैक, ठेला-खोमचा, नाली या सड़क पर किसी भी प्रकार के अतिक्रमण पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
स्थायी राहत की उम्मीद में शहरवासी
शहरवासियों की नजर अब प्रशासन के इस महाअभियान के असर पर टिकी है। हर कोई यह देखना चाहता है कि यह कार्रवाई कितनी कारगर साबित होती है और क्या आने वाले दिनों में भागलपुर की सड़कों को स्थायी रूप से अव्यवस्था से राहत मिल पाएगी, या फिर कुछ ही समय बाद स्थिति पहले जैसी हो जाएगी। प्रशासन की इस पहल से शहर में एक नई उम्मीद जगी है।



