Bhagalpur Aspirational Blocks News: कभी विकास की दौड़ में पिछड़े रहने वाले प्रखंड, अब केंद्र और राज्य सरकार की विशेष योजनाओं के जरिए उम्मीदों की नई फसल काट रहे हैं। इसी कड़ी में भागलपुर के पांच आकांक्षी प्रखंडों ने नीति आयोग की कसौटी पर खरी उतरकर एक मिसाल पेश की है, जिसने उनकी विकास यात्रा को और भी गति प्रदान की है।
भागलपुर के Aspirational Blocks ने रचा कीर्तिमान: नीति आयोग ने की जमकर तारीफ
Aspirational Blocks की प्रगति: नीति आयोग ने की सराहना
बिहार के भागलपुर जिले के जगदीशपुर, पीरपैंती, सबौर, सन्हौला और सुल्तानगंज जैसे आकांक्षी प्रखंडों की प्रगति की गहन समीक्षा के लिए एक उच्च-स्तरीय बैठक का आयोजन किया गया। यह बैठक 15 जनवरी 2026 को भागलपुर के समीक्षा भवन में हुई, जिसकी अध्यक्षता नीति आयोग द्वारा प्रतिनियुक्त सीपीओ एवं भारत सरकार के वित्त विभाग के निदेशक प्रवीण रंजन ने की। इस अवसर पर जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने श्री रंजन का पौधा भेंट कर भागलपुर की धरती पर हार्दिक स्वागत किया।
जिला योजना पदाधिकारी मोनू कुमार ने एक विस्तृत पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से इन प्रखंडों में हुए विकास कार्यों का लेखा-जोखा प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि नीति आयोग ने आकांक्षी प्रखंडों के लिए कुल 40 प्रगति सूचक निर्धारित किए हैं, जिनके आधार पर इन प्रखंडों को सामान्य विकास की मुख्यधारा में लाने का लक्ष्य रखा गया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। प्रस्तुति में वर्ष 2023 से अब तक हुई उल्लेखनीय प्रगति पर प्रकाश डाला गया, जहाँ कई सूचकों पर लगभग शत-प्रतिशत उपलब्धि हासिल की जा चुकी है।
विशेष रूप से, स्वास्थ्य विभाग के लिए निर्धारित सभी सात सूचकों, जैसे प्रसव पूर्व जांच, संस्थागत प्रसव, निम्न जन्म दर को नियंत्रित करना, उच्च रक्तचाप एवं मधुमेह पर नियंत्रण, और टीबी के मामलों में कमी लाने में, इन प्रखंडों ने लगभग शत-प्रतिशत सफलता प्राप्त की है। विगत वर्ष 2024 में इन प्रखंडों में ‘संपूर्णता अभियान’ चलाया गया था, जिसके तहत प्रसव पूर्व जांच, हाइपरटेंशन एवं डायबिटीज की स्क्रीनिंग, सॉइल हेल्थ कार्ड, गर्भवती महिलाओं को सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन तथा जीविका जैसे सभी छह सूचकांकों में शत-प्रतिशत संतृप्तता के लिए सभी पांचों प्रखंडों को स्वर्ण पदक से नवाजा गया था। यह उपलब्धि भागलपुर को भारत का एकमात्र ऐसा जिला बनाती है जिसके सभी पांच आकांक्षी प्रखंडों को इस विशेष सम्मान से सम्मानित किया गया है। इसके अतिरिक्त, पोषण अभियान के तहत निर्धारित सात पैरामीटर में भी लगभग शत-प्रतिशत उपलब्धि दर्ज की गई है।
अति कुपोषित बच्चों को सामान्य बच्चों में बदलने के लिए भागलपुर में “मिशन-45” नामक एक अभिनव कार्यक्रम चलाया गया, जिसकी प्रशंसा राज्य और केंद्र दोनों स्तरों पर की गई है। इस मिशन के सकारात्मक परिणामों ने पोषण अभियान को एक नई दिशा दी है।
शिक्षा विभाग के लिए निर्धारित 11 पैरामीटर, कृषि विभाग के पांच पैरामीटर, आधारभूत संरचना के पांच पैरामीटर और सामाजिक विकास के पैरामीटर में भी भागलपुर के आकांक्षी प्रखंडों ने शानदार प्रदर्शन किया है। इस प्रगति से केंद्रीय प्रभारी अधिकारी श्री प्रवीण रंजन अत्यंत संतुष्ट दिखे और उन्होंने जिले में किए गए कार्यों की भूरी-भूरी प्रशंसा की।
जिले के अधिकारियों की मेहनत रंग लाई
जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने भी केंद्रीय प्रभारी अधिकारी को “मिशन-45” और स्वास्थ्य के क्षेत्र में भागलपुर में हुए कार्यों के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस बैठक में उप विकास आयुक्त श्री प्रदीप सिंह, सिविल सर्जन डॉ. अशोक प्रसाद, संयुक्त निदेशक जनसंपर्क श्री नागेंद्र कुमार गुप्ता, अग्रणी बैंक प्रबंधक, डीआरडीए निदेशक, निदेशक एनईपी डीआरडीए, जिला कृषि पदाधिकारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला मत्स्य पदाधिकारी, डीपीओ शिक्षा विभाग, डीपीओ आईसीडीएस सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। इसके साथ ही, पांचों प्रखंडों के प्रखंड विकास पदाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

