

Bhagalpur News: सड़कों पर जब खाकी वर्दी का काफिला उतरा तो हर कोई देखने लगा, मौका था पुलिस सप्ताह का और संदेश था नशा मुक्त समाज बनाने का। भागलपुर के ललमटिया थाना क्षेत्र में पुलिस ने मधनिषेध के समर्थन में एक विशाल जागरूकता रैली निकालकर लोगों को जागरूक किया। पुलिस सप्ताह के अवसर पर भागलपुर पुलिस ने सामाजिक सरोकार की एक अनूठी मिसाल पेश की। एएसपी शायम राजा के कुशल नेतृत्व में ललमटिया थाना परिसर से एक विशाल जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। इस रैली का मुख्य उद्देश्य बिहार में लागू शराबबंदी कानून को सफल बनाना और आम जनता को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति सचेत करना था। पुलिसकर्मियों ने हाथों में तख्तियां लेकर और नारे लगाते हुए लोगों से नशा मुक्त समाज के निर्माण में सहयोग करने की अपील की।
Bhagalpur News: इन रास्तों से गुजरी रैली, दिया गया कड़ा संदेश
यह रैली ललमटिया थाना परिसर से शुरू होकर क्षेत्र के कई महत्वपूर्ण इलाकों से गुजरी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। काफिला टमटम चौक, पासीटोला, कबीरपुर, और नसरतखानी होते हुए पिपरपाती तक पहुंचा और फिर वापस थाना परिसर में आकर समाप्त हुआ। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने विभिन्न गलियों और चौराहों पर रुककर लोगों से संवाद भी किया और उन्हें मधनिषेध कानून की बारीकियों से अवगत कराया। उन्होंने स्पष्ट किया कि शराब का सेवन और व्यापार दोनों ही गंभीर अपराध हैं। रैली में शामिल पुलिसकर्मियों का उत्साह देखते ही बन रहा था। उन्होंने आम जनता, विशेषकर युवाओं से अपील की कि वे नशे की लत से दूर रहें और एक स्वस्थ एवं समृद्ध समाज के निर्माण में अपनी भूमिका निभाएं। बिहार में शराबबंदी को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए जन-जागरूकता को एक महत्वपूर्ण हथियार माना जा रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
थानाध्यक्ष समेत कई पुलिसकर्मी हुए शामिल
इस महत्वपूर्ण जागरूकता अभियान में ललमटिया थानाध्यक्ष दीपक पासवान, एसआई राहुल कुमार, और एसआई महावीर कुमार सहित बड़ी संख्या में पुलिस बल के जवान और अधिकारी मौजूद थे। स्थानीय निवासियों ने भी पुलिस की इस पहल का स्वागत किया और रैली में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। पुलिस ने लोगों को भरोसा दिलाया कि शराबबंदी को लेकर सूचना देने वालों की पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाएगी और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का मानना है कि इस तरह के अभियानों से लोगों में कानून के प्रति सम्मान और नशे के खिलाफ चेतना का संचार होता है।

