
उत्पाद विभाग ड्राइवर: बिहार में शराबबंदी को लागू करने वाले विभाग का एक ड्राइवर ही नशे में धुत पाया गया। भागलपुर के नाथनगर में एक वाहन चालक ने शराब के नशे में महिलाओं से बदसलूकी की और लोगों से हाथापाई भी की। हैरानी तब हुई जब उसकी गाड़ी की तलाशी लेने पर एक अंग्रेजी शराब की बोतल मिली।
घटना का पूरा मामला
भागलपुर के नाथनगर थाना क्षेत्र के मदनीनगर चौक के पास एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां “अधीक्षक मद्य निषेध ग्रुप सेंटर 3 भागलपुर” लिखी एक चार पहिया वाहन के चालक ने पहले एक शादी समारोह में आई महिलाओं पर नशे की हालत में तंज कसे, जिसके बाद स्थानीय युवाओं ने उसे रोकना चाहा। जब लोगों ने उसकी गाड़ी को मदनीनगर गोलंबर चौक पर रुकवाया, तो चालक ने पुलिस की रेड ब्लू लाइट जला रखी थी और खुद को उत्पाद विभाग का अधिकारी बताकर दादागिरी दिखाने लगा। लोगों ने जब उसे गाड़ी से बाहर निकलने का दबाव बनाया, तो उसके मुंह से शराब की बदबू आ रही थी। गाड़ी की तलाशी लेने पर गियर के पास एक अंग्रेजी शराब की बोतल खुलेआम रखी मिली। इस पूरी घटना का वायरल वीडियो तेजी से इलाके में फैल रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
पुलिस की अनदेखी और विभाग की सफाई
स्थानीय लोगों ने 112 डायल पुलिस को तुरंत सूचना दी, लेकिन घटनास्थल से महज 500 मीटर दूर नाथनगर थाना होने के बावजूद कोई पुलिस टीम नहीं पहुंची। यदि पुलिस समय पर पहुंचती तो आरोपी उत्पाद विभाग ड्राइवर की गिरफ्तारी सुनिश्चित हो जाती। इस मामले पर उत्पाद निरीक्षक मनोज कुमार ने बताया कि उन्हें दो महीने पहले भी इसी निजी ड्राइवर के खिलाफ शिकायत मिली थी, जिसके बाद उसे हटा दिया गया था। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या विभाग के पास ऐसे चालकों का कोई रिकॉर्ड नहीं होता?
वाहन मालिक ने बताया लेनदेन का विवाद
मद्य निषेध ग्रुप सेंटर के अधिकारी मो. फैयाज ने बताया कि यह मामला संज्ञान में आने के बाद उन्होंने 31 मार्च को ही उक्त गाड़ी सहित एक ही वाहन मालिक की 15 गाड़ियों को हटा दिया था। उन्होंने नाथनगर एसएचओ से बात कर एफआईआर दर्ज कराने की बात कही है। वहीं, नाथनगर के मारवाड़ी पट्टी निवासी वाहन मालिक कमल दारूका ने एक अलग ही कहानी बताई। उन्होंने कहा कि अधिकारी मो. फैयाज को उन्होंने यूपीआई के माध्यम से कर्ज दिया था। पैसे वापस मांगने पर उन्होंने सारी गाड़ियों को हटवा दिया। दारूका ने इस मामले की शिकायत पहले ही सभी अधिकारियों और हबीबपुर थाने में लिखित रूप से की है। इस पूरे प्रकरण से आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। बिहार में उत्पाद विभाग की कार्यशैली और उसके उत्पाद विभाग ड्राइवर पर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/







