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फ़रवरी, 17, 2026
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कहलगांव में स्वास्थ्य क्रांति की मशाल, Kala Azar पर सीधा प्रहार, ग्रामीण चिकित्सकों को मिला जीत का मंत्र

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Kala Azar: जब स्वास्थ्य की रणभेरी बजती है, तो सबसे अगली कतार में खड़े होते हैं ग्रामीण चिकित्सक। अब इन्हीं योद्धाओं के तरकश में नए तीर भरे जा रहे हैं ताकि बीमारियों का समूल नाश हो सके। कहलगांव के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की नींव को फौलादी बनाने के उद्देश्य से ग्रामीण चिकित्सकों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया।

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Kala Azar और अन्य संक्रामक रोगों की पहचान पर जोर

इस महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम में संक्रामक रोगों की रोकथाम पर मुख्य रूप से ध्यान केंद्रित किया गया। जिला मुख्यालय से विशेष रूप से पधारीं पदाधिकारी सुश्री आरती कुमारी एवं सुश्री कृति कुमारी (वीडीसीओ) ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई।कहलगांव में स्वास्थ्य क्रांति की मशाल, Kala Azar पर सीधा प्रहार, ग्रामीण चिकित्सकों को मिला जीत का मंत्रपीरामल संस्था के प्रतिनिधि मुकेश कुमार ने प्रशिक्षण की कमान संभालते हुए ग्रामीण चिकित्सकों को कालाजार, कुष्ठ, मलेरिया, टीबी और फाइलेरिया जैसे गंभीर रोगों के लक्षणों, उनकी सटीक पहचान और सबसे महत्वपूर्ण, उनके प्राथमिक उपचार के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।प्रशिक्षण के दौरान इस बात पर विशेष बल दिया गया कि कुष्ठ रोगियों की पहचान समय पर कैसे की जाए और पहचान होते ही बिना किसी देरी के उन्हें अनुमंडल अस्पताल को सूचित किया जाए, ताकि उनका इलाज अविलंब शुरू हो सके।

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10 फरवरी से शुरू होगा फाइलेरिया उन्मूलन अभियान

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए चिकित्सा पदाधिकारी प्रभारी डॉ. पवन कुमार गुप्ता ने एक बड़ी घोषणा की। उन्होंने बताया कि आगामी 10 फरवरी से फाइलेरिया उन्मूलन को लेकर एक व्यापक एमडीए (मास ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन) अभियान चलाया जाएगा। यह अभियान आशा कार्यकर्ताओं द्वारा घर-घर जाकर चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस महाअभियान की सफलता में ग्रामीण चिकित्सकों की सहयोगात्मक भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। इस फाइलेरिया उन्मूलन अभियान को सफल बनाने के लिए सभी के सहयोग की आवश्यकता है।बीसीएम मिथिलेश कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि प्रसव और अन्य गंभीर मरीजों का इलाज सरकारी अस्पतालों में ही सुनिश्चित कराया जाना चाहिए, ताकि उन्हें बेहतर और सुरक्षित चिकित्सा सुविधा मिल सके। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। कार्यक्रम में प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक अजय कुमार सहित कई अन्य स्वास्थ्यकर्मी भी मौजूद रहे, जिन्होंने इस पहल को सफल बनाने में अपना योगदान दिया। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

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