back to top
⮜ शहर चुनें
फ़रवरी, 17, 2026
spot_img

Budget News: केंद्रीय बजट पर RJD प्रदेश प्रवक्ता अरुण कुमार यादव का बड़ा हमला, बिहार को फिर मिला ‘सौतेला व्यवहार’?

spot_img
- Advertisement - Advertisement

Bihar Budget: उम्मीदों के पहाड़ तले दब गया बिहार, केंद्र के बजट ने फिर बढ़ाई मायूसी, जानिए RJD का तीखा वार

- Advertisement -

बिहार बजट: दिल्ली से चली आर्थिक हवा ने फिर बिहार की जमीन पर धूल उड़ाई है। सपनों की पोटली लिए बैठे राज्य के वाशिंदों को एक बार फिर केंद्र के बजट ने ठेंगा दिखा दिया है। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने इसे जनविरोधी और बिहार विरोधी करार देते हुए केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है।

- Advertisement -

बिहार बजट 2026-27: केंद्र के सौतेले व्यवहार पर RJD का आरोप

राष्ट्रीय जनता दल के प्रदेश प्रवक्ता अरुण कुमार यादव ने केंद्रीय बजट 2026-27 पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि इस बजट ने बिहार और बिहारवासियों को पूरी तरह से निराश किया है। राज्य के लोगों को इस केंद्रीय बजट से काफी उम्मीदें थीं, लेकिन केंद्र सरकार ने उन उम्मीदों पर पानी फेरने का काम किया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि यह केंद्रीय बजट पूरी तरह से जनविरोधी और बिहार विरोधी है। मोदी सरकार ने एक बार फिर बिहार के साथ सौतेला व्यवहार किया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  Bhagalpur News: पुआल की आड़ में शराब का 'खेल' खत्म, अंतर प्रदेशीय कनेक्शन का खुलासा, झारखंड से मुंगेर, 20 लाख की विदेशी शराब जब्त, तस्करों को बड़ा झटका

बिहार की बदहाली: आंकड़े खुद बयान करते हैं कहानी

राजद प्रवक्ता ने केंद्र सरकार द्वारा जारी पिछले आर्थिक सर्वेक्षण का हवाला देते हुए कहा कि देश में बिहार सबसे गरीब और पिछड़ा राज्य है। बिहार में प्रति व्यक्ति वार्षिक आय 70 हजार रुपये से भी कम है, जो दर्शाता है कि प्रतिदिन की आय मात्र 100 से 190 रुपये है। यह देश में सबसे निचले पायदान पर है। इसके साथ ही, प्रत्येक बिहारी पर 25 से 30 हजार रुपये का कर्ज है। नीति आयोग के आंकड़ों के अनुसार भी, बिहार साक्षरता दर और प्रति व्यक्ति निवेश के मामले में देश में अंतिम पायदान पर है। श्रम पोर्टल के आंकड़े बताते हैं कि लगभग 2 करोड़ 90 लाख से अधिक बिहारी दूसरे प्रदेशों में दिहाड़ी मजदूरी करने को मजबूर हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

विशेष राज्य का दर्जा: बिहार के विकास की एकमात्र कुंजी

अरुण कुमार यादव ने बिहार के विकास के लिए विशेष राज्य का दर्जा और एक विशेष पैकेज की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इन दोनों के बिना बिहार का विकास संभव नहीं है। उन्होंने याद दिलाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने का वादा किया था, लेकिन इस बजट में इसका कोई जिक्र नहीं है। राजद प्रदेश प्रवक्ता ने साफ किया कि राज्य से पलायन रोकने, प्रदेश का पिछड़ापन हटाने तथा उद्योग-धंधों के विकास के साथ-साथ युवाओं के बेहतर भविष्य के लिए राजद विशेष राज्य का दर्जा की मांग पर अडिग है। इसके लिए नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के नेतृत्व में संघर्ष जारी है और आगे भी जारी रहेगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

भारत में Driving License के प्रकार और विदेश में गाड़ी चलाने के नियम

Driving License: क्या आप भी उन करोड़ों भारतीयों में से हैं जो सड़क पर...

O Romeo Box Office Collection: चौथे दिन औंधे मुंह गिरी शाहिद-तृप्ति की ‘ओ रोमियो’, क्या बजट वसूलना भी होगा मुश्किल?

O Romeo Box Office Collection: शाहिद कपूर और तृप्ति डिमरी की मोस्ट अवेटेड फिल्म...

स्टॉक मार्केट: आज इन शेयरों में दिख सकती है बड़ी हलचल, जानें क्या हैं प्रमुख वजहें

Stock Market: भारतीय शेयर बाजार में बीते हफ्ते की गिरावट के बाद सोमवार, 16...

फाल्गुन अमावस्या 2026: पितृ कृपा हेतु राशि अनुसार करें दान

Falgun Amavasya: हिंदू धर्म में फाल्गुन अमावस्या का विशेष महत्व है, यह वह पावन...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें