
पीएम मोदी पर हमले की साजिश: बिहार के बक्सर से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कथित जानलेवा हमले की साजिश रचने के आरोप में तीन युवकों को गिरफ्तार किया गया है। इन युवकों में से एक ने अमेरिकी खुफिया एजेंसी CIA को सीधे संदेश भेजकर प्रधानमंत्री पर हमला करने का दावा किया और इसके लिए मोटी रकम की मांग भी की। इस खुलासे के बाद सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं और मामले की गहनता से जांच की जा रही है।
CIA को भेजा था संदेश, मांगे थे पैसे
पुलिस के अनुसार, यह चौंकाने वाला मामला बक्सर जिले के डुमरांव अनुमंडल अंतर्गत सिमरी थाना क्षेत्र का है। गिरफ्तार किए गए युवकों में सिमरी थाना क्षेत्र के आशा पड़री गांव निवासी अमल तिवारी मुख्य आरोपी है। आरोप है कि अमल तिवारी ने अमेरिका की सेंट्रल इंटेलिजेंस एजेंसी (CIA) को एक ईमेल या संदेश भेजा था, जिसमें उसने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला करने की अपनी योजना का जिक्र किया। उसने इस साजिश को अंजाम देने के लिए 22 दिनों का समय मांगा था और इसके बदले आर्थिक लाभ की मांग भी की थी। इस संवेदनशील जानकारी के सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियां तुरंत हरकत में आ गईं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
पहले भी दे चुका है धमकी, जब्त हुए इलेक्ट्रॉनिक उपकरण
बक्सर के पुलिस अधीक्षक (SP) शुभम आर्य ने गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि मुख्य आरोपी अमल तिवारी का पहले भी इस तरह की धमकी भरी गतिविधियों में शामिल रहा है। एसपी के मुताबिक, वह पहले भी कोलकाता एयरपोर्ट को लेकर धमकी भरा संदेश भेज चुका है, जिसके चलते उसे गिरफ्तार भी किया गया था। इस बार पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ युवक इंटरनेट और इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों से संदिग्ध गतिविधियों में शामिल हैं। सूचना के आधार पर, बिहार पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए छापेमारी की और तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया।
आरोपियों के पास से एक लैपटॉप सहित कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए हैं। इन उपकरणों की फॉरेंसिक जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि आरोपी किन लोगों के संपर्क में थे और इस पीएम मोदी पर हमले की साजिश को किस तरह से अंजाम देने की योजना थी। जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि क्या इस मामले में कोई बड़ा नेटवर्क या अन्य व्यक्तियों की भी भूमिका है। पुलिस फिलहाल तीनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है और उनके डिजिटल डेटा की भी जांच की जा रही है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। सुरक्षा एजेंसियां यह सुनिश्चित करना चाहती हैं कि यह मामला सिर्फ एक धमकी था या इसके पीछे कोई गंभीर मंशा छिपी हुई थी। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
सुरक्षा एजेंसियों की बढ़ी चिंता और पीएम मोदी पर हमले की साजिश
इस घटना ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। प्रधानमंत्री की सुरक्षा से जुड़ा यह मामला बेहद गंभीर है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की विस्तृत जानकारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से साझा की जाएगी। प्रधानमंत्री की सुरक्षा से जुड़े ऐसे मामलों में हमेशा ही उच्चस्तरीय जांच की जाती है।







