
Siwan News: सियासत की बिसात पर जब वादों के हाथी-घोड़े चलते हैं, तो जनता की उम्मीदें भी परवान चढ़ती हैं। कुछ ऐसा ही नजारा सीवान के राजेंद्र स्टेडियम में दिखा, जहां मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने विकास और रोजगार के वादों की झड़ी लगाकर भविष्य की एक नई तस्वीर पेश की।मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपनी समृद्धि यात्रा के दौरान सीवान में आयोजित एक जन संवाद कार्यक्रम में शामिल हुए। यहां उन्होंने न केवल अपनी सरकार की पिछली उपलब्धियों का ब्योरा दिया, बल्कि अगले पांच वर्षों के लिए विकास का एक महत्वाकांक्षी रोडमैप भी जनता के सामने रखा। उन्होंने जोर देकर कहा कि डेयरी व्यवसाय से राज्य में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और लोगों की आमदनी में वृद्धि होगी, जिससे बिहार में श्वेत क्रांति के माध्यम से समृद्धि आएगी।
Patna News: सीएम ने गिनाए ‘सुशासन’ के काम, कहा- अब कोई हिन्दू-मुस्लिम झगड़ा नहीं होता
जन संवाद को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने 2005 से पहले के बिहार की याद दिलाते हुए कहा, “याद है ना पहले क्या स्थिति थी? लोग शाम के बाद घर से बाहर नहीं निकलते थे। समाज में कितना विवाद और हिन्दू-मुस्लिम झगड़ा होता था?” उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार ने राज्य में कानून का राज स्थापित किया है, जिससे अब प्रेम, भाईचारा और शांति का माहौल है। उन्होंने बताया कि 2006 से कब्रिस्तानों की घेराबंदी और 2016 से पुराने मंदिरों की घेराबंदी जैसे कदमों से सामाजिक सौहार्द बढ़ा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।नीतीश कुमार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और बिजली के क्षेत्र में हुए कार्यों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि सात निश्चय-1 के तहत हर घर बिजली, हर घर नल का जल जैसी योजनाएं पूरी हो चुकी हैं।
उन्होंने युवाओं से वादा किया कि सात निश्चय-2 के तहत 10 लाख सरकारी नौकरी और 10 लाख रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया था, जिसमें से अब तक 10 लाख नौकरियां और 40 लाख रोजगार दिए जा चुके हैं।
‘सात निश्चय-3’ के तहत बिहार के विकास का नया खाका
मुख्यमंत्री ने अगले 5 वर्षों (2025-2030) के लिए ‘सात निश्चय-3’ योजना का ऐलान किया, जिसका उद्देश्य विकास की गति को और तेज करना है। उन्होंने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि बिहार अब देश के शीर्ष राज्यों में शामिल होगा। इस योजना के प्रमुख बिंदु इस प्रकार हैं:
- दोगुना रोजगार-दोगुनी आय: युवाओं को 1 करोड़ नौकरी और रोजगार उपलब्ध कराए जाएंगे। महिला रोजगार योजना के तहत सहायता राशि 2 लाख रुपये तक बढ़ाई जाएगी।
- समृद्ध उद्योग-सशक्त बिहार: सभी जिलों में औद्योगिक क्षेत्र स्थापित होंगे और पुरानी बंद चीनी मिलों को फिर से चालू किया जाएगा।
- कृषि में प्रगति-प्रदेश की समृद्धि: डेयरी और मछली पालन पर विशेष जोर दिया जाएगा। मखाना उत्पादन को भी बढ़ावा मिलेगा।
- उन्नत शिक्षा-उज्ज्वल भविष्य: प्रत्येक प्रखंड में आदर्श विद्यालय और डिग्री कॉलेज खोले जाएंगे तथा एक नई एजुकेशन सिटी का निर्माण होगा।
- सुलभ स्वास्थ्य-सुरक्षित जीवन: जिला और प्रखंड अस्पतालों को विशिष्ट चिकित्सा केंद्रों में बदला जाएगा।
- मजबूत आधार-आधुनिक विस्तार: 5 नए एक्सप्रेस-वे का निर्माण होगा और इच्छुक लोगों के घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाए जाएंगे।
- सबका सम्मान-जीवन आसान: आधुनिक तकनीक से नागरिकों के लिए सरकारी सुविधाएं प्राप्त करना आसान बनाया जाएगा।
सीवान जिले को मिली कई सौगातें, हर पंचायत में खुलेगा सुधा बिक्री केंद्र
मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से सीवान जिले के लिए कई घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि जिले के सभी 1528 गांवों में दुग्ध उत्पादन समितियों का गठन किया जाएगा और सभी 293 पंचायतों में ‘सुधा’ दूध बिक्री केंद्र खोले जाएंगे। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार बढ़ेगा। उन्होंने बताया कि जिले की 4 लाख 13 हजार महिलाओं को रोजगार के लिए 10-10 हजार रुपये दिए जा चुके हैं और उन्हें 2 लाख रुपये तक की अतिरिक्त सहायता दी जाएगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।इसके अलावा, सीवान में एक औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना, सभी 19 प्रखंडों में आदर्श विद्यालय और डिग्री कॉलेज, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों का उन्नयन और सदर अस्पताल को अति विशिष्ट अस्पताल बनाने का भी वादा किया गया। उन्होंने सीवान बाईपास, तीन महत्वपूर्ण पथों के चौड़ीकरण और एक प्रेक्षागृह के निर्माण जैसे चल रहे कार्यों को शीघ्र पूरा करने का आश्वासन दिया। अपने भाषण में उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले की सरकारों ने कोई काम नहीं किया। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। कार्यक्रम को उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, मंत्री विजय कुमार चौधरी और मंगल पांडे सहित अन्य नेताओं ने भी संबोधित किया।




