

दरभंगा, देशज टाइम्स। श्रम अधीक्षक, दरभंगा राकेश रंजन के निर्देशानुसार घनश्यामपुर-सह-बिरौल के प्रभारी श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी बमबम कुमार के नेतृत्व में बिरौल प्रखंड अन्तर्गत विभिन्न दुकानों एवं प्रतिष्ठानों में धावा दल की टीम द्वारा सघन जांच अभियान चलाया गया।
श्रम अधीक्षक ने बताया कि सघन जांच अभियान के दौरान धावा दल की टीम की ओर से बिरौल के ज्योति स्वीट्स से तीन बाल श्रमिक को विमुक्त कराया गया।
उन्होंने कहा कि विमुक्त बाल श्रमिकों को बाल कल्याण समिति, दरभंगा के समक्ष उपस्थापित कर निर्देशानुसार उन्हें बाल गृह में रखा गया है एवं बाल एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम,1986 के तहत नियोजक के विरुद्ध संबंधित थाने में प्राथमिकी दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है।
उन्होंने कहा कि धावा दल की टीम की ओर से लोहिया चौक होते हुए बिरौल बाजार स्थित सभी दुकान एवं प्रतिष्ठान में सघन जांच किया गया। तथा, सभी नियोजकों से किसी भी बाल श्रमिक को नियोजित नहीं करने के लिए एक शपथ पत्र भरवाया गया।
जानकारी के अनुसार,धावा दल नियमित रूप से प्रत्येक सप्ताह में दरभंगा शहर के साथ-साथ सभी अनुमण्डल एवं प्रखंड मुख्यालयों में सघन जांच अभियान संचालित करती है। तथा, बाल श्रमिकों को नियोजित करने वाले नियोजकों के विरूद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई जाती है।
उन्होंने कहा कि आज की इस धावा दल टीम के सदस्य के रूप में घनश्यामपुर एवं कुशेश्वरस्थान के श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी के साथ जिला बाल संरक्षण इकाई, दरभंगा के आउटरीच वर्कर रामाकांत यादव, आश्रय ट्रस्ट स्वयं सेवी संस्था के सदस्य निवेश कुमार, प्रयास संस्था से नारद मंडल एवं संदीप कुमार झा, कार्ड्स संस्था से नारायण कुमार मजमुदार, तहसीन आलम एवं अन्य शामिल थे।

