

Bihar Board Matric Exam: परीक्षा की घंटी बज चुकी है और दरभंगा में प्रशासनिक अमला पूरी तरह से कमर कस चुका है। छात्रों के भविष्य की सबसे बड़ी कसौटी को लेकर तैयारी ऐसी कि परिंदा भी पर न मार सके। जिले में वार्षिक माध्यमिक (सैद्धांतिक) परीक्षा को स्वच्छ और सुचारु रूप से संपन्न कराने के लिए सभी तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया गया है।
Bihar Board Matric Exam को लेकर क्या हैं खास इंतजाम?
दरभंगा प्रेक्षागृह में अपर जिला दंडाधिकारी श्री मनोज कुमार की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण ब्रीफिंग का आयोजन किया गया। इस बैठक में सभी केंद्राधीक्षकों, स्टेटिक दंडाधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों को परीक्षा के सफल संचालन हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। प्रशासन का एकमात्र लक्ष्य एक पारदर्शी और कदाचार मुक्त परीक्षा सुनिश्चित करना है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। मिली जानकारी के अनुसार, वार्षिक माध्यमिक (सैद्धांतिक) परीक्षा 17 फरवरी 2026 से शुरू होकर 25 फरवरी 2026 तक चलेगी। परीक्षाएं दो पालियों में आयोजित की जाएंगी। पहली पाली सुबह 09:30 बजे से दोपहर 12:45 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 02:00 बजे से शाम 05:15 बजे तक होगी।
जिले भर में परीक्षा के लिए कुल 63 केंद्र बनाए गए हैं, जहाँ दोनों पालियों में परीक्षा का आयोजन होगा। इसमें जिला मुख्यालय में 49 केंद्र, बेनीपुर अनुमंडल मुख्यालय में 05 केंद्र और बिरौल अनुमंडल मुख्यालय में 09 परीक्षा केंद्र शामिल हैं। प्रशासन ने छात्रों की संख्या और सुविधा को ध्यान में रखते हुए इन केंद्रों का निर्धारण किया है।
अधिकारियों और केंद्राधीक्षकों के लिए जारी हुए सख्त निर्देश
परीक्षा की पवित्रता बनाए रखने के लिए प्रशासन ने कई कड़े कदम उठाए हैं। ब्रीफिंग में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। परीक्षा को लेकर जारी किए गए प्रमुख निर्देश निम्नलिखित हैं:
- परीक्षा केंद्र परिसर में किसी भी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश पूरी तरह से वर्जित रहेगा। केवल परीक्षा कार्य में लगे कर्मियों को ही अंदर जाने की अनुमति होगी।
- सभी केंद्राधीक्षक, वीक्षक और अन्य कर्मी परीक्षा के दिन सुबह 07:00 बजे तक अनिवार्य रूप से अपने केंद्र पर उपस्थित रहेंगे।
- प्रत्येक परीक्षा केंद्र के बाहर और अन्य संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे ताकि हर गतिविधि पर नजर रखी जा सके।
- यदि कोई केंद्राधीक्षक किसी गंभीर कारण (जैसे दुर्घटना या गंभीर बीमारी) से अपनी ड्यूटी करने में असमर्थ हैं, तो उन्हें इसकी सूचना तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को देनी होगी ताकि समय पर वैकल्पिक व्यवस्था की जा सके।
- सभी केंद्राधीक्षकों को बिहार विद्यालय परीक्षा समिति, पटना द्वारा जारी परीक्षा संचालन मार्गदर्शिका का अक्षरशः पालन करना होगा। इसका उद्देश्य पूरे राज्य में एक समान और निष्पक्ष परीक्षा प्रक्रिया सुनिश्चित करना है।
प्रशासन की इन तैयारियों से स्पष्ट है कि इस बार परीक्षा में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की कोई गुंजाइश नहीं छोड़ी जाएगी। अधिकारियों का पूरा जोर एक सफल और कदाचार मुक्त परीक्षा के आयोजन पर है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। प्रशासन ने छात्रों और अभिभावकों से भी अपील की है कि वे नियमों का पालन करें और शांतिपूर्ण परीक्षा में सहयोग करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।




