
Darbhanga News: कोर्ट परिसर से दिनदहाड़े बाइक उड़ा ले गए अपराधी, न्याय के मंदिर में भी सुरक्षा पर उठे सवाल
Darbhanga News: कानून का इकबाल बुलंद रखने वाला मंदिर ही जब खुद अपराधियों के निशाने पर आ जाए, तो आम आदमी की सुरक्षा का क्या कहना। दरभंगा न्यायालय परिसर में चोरों का आतंक इस कदर बढ़ गया है कि अब वहां काम करने वाले लोग भी सुरक्षित नहीं हैं। आलम यह है कि दिनदहाड़े चोर बड़ी आसानी से घटनाओं को अंजाम देकर फरार हो जा रहे हैं और पुलिस हाथ मलती रह जाती है।
Darbhanga News: टंकक भवन के पास से बाइक गायब
ताजा मामला गत 17 जनवरी का है, जब न्यायालय परिसर में स्थित टंकक भवन के पास से एक बाइक की चोरी कर ली गई। मिली जानकारी के अनुसार, जिले के पतोर निवासी मनोज कुमार मिश्र, जो न्यायालय में टंकक का कार्य करते हैं, ने अपनी बाइक (निबंधन संख्या- BR 33 Y 6136) टंकक भवन के निकट खड़ी की थी। जब वे कुछ देर बाद वापस लौटे तो बाइक अपनी जगह से नदारद थी। काफी खोजबीन के बाद भी जब बाइक का कुछ पता नहीं चला, तो उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी।
वाहन स्वामी मनोज कुमार मिश्र ने इस संबंध में लहेरियासराय थाना में प्राथमिकी दर्ज करने के लिए आवेदन दिया है। उन्होंने बताया कि रोजी-रोटी का एकमात्र सहारा यह बाइक ही थी, जिसके चोरी हो जाने से उन्हें भारी आर्थिक और मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। पुलिस ने आवेदन के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है, लेकिन चोरों का अब तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
न्याय के मंदिर में असुरक्षित महसूस कर रहे लोग
यह कोई पहली घटना नहीं है जब दरभंगा कोर्ट परिसर से इस तरह वाहन चोरी हुए हों। यहां लगातार बढ़ रही बाइक चोरी की घटनाओं से वकील, न्यायकर्मी और यहां तक कि न्यायधीश भी परेशान हैं। परिसर में सुरक्षा के तमाम दावों के बावजूद चोरों के हौसले बुलंद हैं। इस घटना ने एक बार फिर न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों का कहना है कि अगर न्याय का मंदिर ही सुरक्षित नहीं है, तो आम जनता की सुरक्षा की गारंटी कौन लेगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
पुलिस की कार्यप्रणाली पर खड़े हुए सवाल
लगातार हो रही चोरी की घटनाओं ने स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली को भी कटघरे में खड़ा कर दिया है। शहर के सबसे सुरक्षित माने जाने वाले इलाकों में से एक, कोर्ट परिसर में इस तरह की वारदातें पुलिस की गश्ती और सक्रियता की पोल खोल रही हैं। स्थानीय लोगों और वकीलों ने पुलिस प्रशासन से इस मामले को गंभीरता से लेने और परिसर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। अब देखना यह होगा कि पुलिस कब तक इन चोरों को पकड़कर सलाखों के पीछे पहुंचा पाती है।





