



Darbhanga News: न्याय के गलियारों से अपराधियों के लिए मायूसी भरी खबर सामने आई है, जहां दरभंगा सिविल कोर्ट ने संगीन मामलों में অভিযুক্ত कई लोगों की जमानत की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। विभिन्न अदालतों ने हत्या, दुष्कर्म और लूट जैसे गंभीर आरोपों का सामना कर रहे आरोपियों को किसी भी तरह की राहत देने से इनकार कर दिया है।
Darbhanga News: इन जघन्य मामलों में नहीं मिली राहत
जानकारी के अनुसार प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश संतोष कुमार पाण्डेय की अदालत ने एक के बाद एक कई याचिकाओं को खारिज किया। अदालत ने बहेड़ी थानाकांड दुष्कर्म के आरोपी मो. शमसुद्दीन को जमानत देने से साफ इनकार कर दिया। इसी अदालत ने सदर थानाकांड हत्या के आरोपी प्रवीण कुमार सिंह और बिरौल थानाकांड में दुष्कर्म के आरोपी मो. जमाल नद्दाफ की अग्रिम जमानत याचिका को भी सिरे से खारिज कर दिया गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इन फैसलों से स्पष्ट है कि न्यायालय जघन्य आपराधिक मामले में किसी भी तरह की नरमी बरतने के मूड में नहीं है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
न्यायाधीश नागेश प्रताप सिंह की अदालत का सख्त रुख
वहीं, अपर सत्र न्यायाधीश नागेश प्रताप सिंह की अदालत ने भी अपराधियों के खिलाफ कड़ा रुख अख्तियार किया है। अदालत ने लहेरियासराय थानाकांड में हत्या के आरोपी शुभम कुमार और गौरीशंकर की जमानत याचिका को नामंजूर कर दिया। इसके अतिरिक्त, सिंहवाड़ा थाना, जो गोलीबारी और लूट की घटना से जुड़ा है, में भी आरोपियों को कोई राहत नहीं मिली। इस मामले में सुमन सौरभ, अभिषेक मिश्रा, और आकाश कुमार की नियमित जमानत याचिका को भी अदालत ने विचार योग्य नहीं पाया और उसे खारिज कर दिया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। न्यायालय के इन सख्त फैसलों से जिले में अपराध नियंत्रण को लेकर एक सकारात्मक संदेश गया है।


