
Darbhanga News: सत्ता का नशा जब सिर चढ़कर बोलता है, तो वर्दी और कुर्सी का रौब आम आदमी पर कहर बनकर टूटता है। दरभंगा से एक ऐसी ही तस्वीर सामने आई है, जहां इंसाफ देने वाले ही कटघरे में खड़े हो गए हैं।
Darbhanga News: जानिए क्या है पूरा मामला
मामला दरभंगा जिले के मनीगाछी प्रखंड स्थित राजे गांव के वार्ड संख्या 5 का है, जहां अंचलाधिकारी (सीओ) रविकांत पर एक महादलित परिवार के साथ न केवल मारपीट करने, बल्कि जातिसूचक गालियां देने का भी गंभीर आरोप लगा है। इस संबंध में पीड़ित परिवार की शिकायत पर एससी/एसटी थाने में सीओ के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब मामले की गहनता से जांच कर रही है।
पीड़ित महिला रेखा देवी के अनुसार, सीओ रविकांत अपने दो सहयोगियों के साथ उनके घर पहुंचे और कहा कि उनका घर सरकारी जमीन पर बना है, जिसे तत्काल खाली करना होगा। जब रेखा देवी ने सीओ को बताया कि उनके पास घर बनाने का बासगीत पर्चा मौजूद है और उनका परिवार वर्षों से इसी जमीन पर रह रहा है, तो सीओ आगबबूला हो गए। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। आरोप है कि इसी दौरान सीओ ने महिला के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी।
विवाद बढ़ता देख जब महिला के पति सुकन चौपाल बीच-बचाव करने आए, तो उनकी भी पिटाई कर दी गई। इस मारपीट में सुकन चौपाल का चश्मा टूट गया और उनकी आंख में गंभीर चोट आई। आरोप यहीं खत्म नहीं होते, इसके बाद सीओ ने कथित तौर पर महिला और उसकी दो बेटियों समेत परिवार के अन्य सदस्यों को जबरन अपनी गाड़ी में बैठाया और थाने ले जाकर हाजत में बंद करवा दिया। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। बाद में घायल हुए दो लोगों को इलाज के लिए पहले पीएचसी ले जाया गया, जहां से डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए उन्हें डीएमसीएच रेफर कर दिया।
सीओ ने आरोपों को बताया बेबुनियाद
इस पूरे प्रकरण पर एससी/एसटी थानाध्यक्ष ज्वाला प्रसाद ने पुष्टि करते हुए बताया कि जातिसूचक गाली देने और मारपीट करने के आरोप में सीओ रविकांत के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और जांच शुरू कर दी गई है। वहीं, दूसरी ओर सीओ रविकांत ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उनका कहना है कि रेखा देवी अपने पड़ोसी की जमीन पर जबरन घर बना रही थीं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
सीओ के अनुसार, रेखा देवी के पास केवल 1 डिसमिल जमीन का ही पर्चा था, जिस पर उनका परिवार पहले ही घर बना चुका है। जब जमीन की नापी की गई तो यह विवाद सामने आया। उन्हें आदेश मिला था कि विवादित जमीन को खाली करवाया जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि इसी कार्रवाई से बचने के लिए रेखा देवी ने उन पर झूठे आरोप लगाकर प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस अब दोनों पक्षों के दावों की जांच कर रही है, जिसके बाद ही सच्चाई सामने आएगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।









