

Darbhanga News: कानून के लंबे हाथ जब नशे के सौदागरों के गिरेबान तक पहुंचते हैं, तो उनका हश्र देखने लायक होता है। दरभंगा में भी एक ऐसे ही नशे के सौदागर को अदालत ने ऐसी सजा सुनाई है कि जिले में हड़कंप मच गया है। प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश सह एनडीपीएस के विशेष न्यायाधीश संतोष कुमार पाण्डेय की अदालत ने मंगलवार को एक अहम फैसला सुनाते हुए नशे के एक सौदागर को दस साल के सश्रम कारावास की सजा दी है।
यह मामला एनडीपीएस वाद संख्या 12/22 से जुड़ा है, जिसमें दरभंगा नगर थाना क्षेत्र के शिवाजीनगर निवासी झुन्ना मंडल को दोषी करार दिया गया। अदालत ने मादक औषधि एवं मनोरोगी पदार्थ (एनडीपीएस) अधिनियम की धारा 21(बी) के तहत उसे यह कठोर सजा सुनाई है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस फैसले के बाद जिले में नशे का कारोबार करने वालों के बीच खौफ का माहौल है।
Darbhanga News: कोर्ट ने सुनाई दस साल की कठोर सजा
एनडीपीएस के विशेष न्यायालय ने दोषी झुन्ना मंडल पर दस साल की सश्रम कैद के साथ-साथ 50 हजार रुपये का आर्थिक दंड भी लगाया है। अदालत ने अपने फैसले में यह भी स्पष्ट किया है कि यदि दोषी जुर्माना राशि का भुगतान करने में विफल रहता है, तो उसे तीन महीने की अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी। इस मामले में सरकार की ओर से एनडीपीएस के स्पेशल पीपी चमकलाल पंडित ने दलीलें पेश की थीं।
गौरतलब है कि नगर थाना की पुलिस ने एक गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए अभियुक्त झुन्ना मंडल को गिरफ्तार किया था। उसकी गिरफ्तारी के समय पुलिस ने उसके कब्जे से 19 बोतल कोडीन युक्त कफ सिरप और 720 नशीली टैबलेट बरामद की थीं। इस बड़ी बरामदगी के बाद पुलिस ने अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया था। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
लंबे समय से जेल में बंद था आरोपी
पुलिस द्वारा की गई इस कार्रवाई के आधार पर नगर थाना में कांड संख्या 169/22 दर्ज किया गया था और मामले की जांच शुरू की गई थी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। अपनी गिरफ्तारी के समय से ही अभियुक्त झुन्ना मंडल न्यायिक हिरासत में जेल में बंद था। मंगलवार को अदालत ने सभी पक्षों की दलीलें सुनने और सबूतों की जांच करने के बाद उसे दोषी पाते हुए सजा का ऐलान कर दिया, जिससे न्याय व्यवस्था में लोगों का विश्वास और मजबूत हुआ है।


