
पेयजल आपूर्ति: दरभंगा में गर्मी की शुरुआत के साथ ही पानी की किल्लत की आशंका बढ़ने लगी है। इसी चुनौती से निपटने के लिए जिलाधिकारी कौशल कुमार ने अधिकारियों की बैठक बुलाई और साफ कहा कि अगर लोगों को बूंद-बूंद पानी के लिए तरसना पड़ा, तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
दरभंगा के समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में जिलाधिकारी कौशल कुमार की अध्यक्षता में यह अहम बैठक हुई। इसमें नगर निगम, नगर परिषद और नगर पंचायत के संबंधित अधिकारी शामिल हुए। बैठक का मुख्य एजेंडा पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करना और संभावित जल संकट से निपटने की तैयारियों की समीक्षा करना था। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों से उनके क्षेत्रों में जलापूर्ति से संबंधित कार्यों का फीडबैक लिया और स्पष्ट चेतावनी दी कि किसी भी नागरिक को पानी का संकट झेलना पड़ा, तो जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने विशेष रूप से बेनीपुर के कार्यपालक पदाधिकारी को पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए।
पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए बनी रणनीति
नगर आयुक्त राकेश कुमार गुप्ता ने बैठक में बताया कि दरभंगा नगर निगम क्षेत्र के कई वार्डों में बोरिंग का काम पूरा हो चुका है, जिससे पेयजल की उपलब्धता बनी रहेगी। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि कुछ वार्डों में अतिरिक्त व्यवस्थाओं की जरूरत है, जिसके लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। जिलाधिकारी ने इस दौरान सभी संचालित जलापूर्ति योजनाओं के रख-रखाव और मरम्मत के काम को मजबूत करने के लिए एक ‘धावा दल’ टीम बनाने का निर्देश दिया। साथ ही बताया गया कि पानी के टैंकर खरीदे जा चुके हैं और बोरिंग का काम तेजी से चल रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई और निगरानी
जिलाधिकारी ने सहायक समाहर्ता को बेनीपुर नगर पंचायत क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति की तैयारियों का मौके पर जाकर निरीक्षण करने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी संबंधित पदाधिकारियों को कहा कि वे अपने-अपने वार्डों में पेयजल की स्थिति पर लगातार नज़र रखें और ज़रूरत पड़ने पर पानी के टैंकर और बोरिंग आदि उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने सख्त लहजे में निर्देश दिया कि अप्रैल महीने के अंत तक सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली जाएं और किसी भी सूरत में पेयजल आपूर्ति से संबंधित कोई शिकायत नहीं मिलनी चाहिए। सभी विभाग इसके लिए पहले से पूरी तैयारी रखें। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
बैठक में जिलाधिकारी ने अधिकारियों से उनके अधिकार क्षेत्र में आने वाले वार्डों की संख्या, उपलब्ध पानी के टैंकरों की जानकारी और किए गए बोरिंग कार्यों का ब्योरा लिया। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि संभावित खराबी की स्थिति में तुरंत समाधान के लिए मरम्मत दल का गठन किया जाए और आवश्यक संसाधनों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। जिलाधिकारी कौशल कुमार ने सभी पदाधिकारियों को सक्रियता, सतर्कता और जवाबदेही के साथ काम करने पर ज़ोर दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि पेयजल आपूर्ति योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी तरह की ढिलाई या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, खासकर जब पानी का संकट गहराने वाला हो।







